पत्नी की मौत के बाद भी पति ने नहीं छोड़ी उम्मीद, डाक्टरों ने दी नई जिन्दगी

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कैनबेरा। हम और आप अपनी जिन्दगी में कई बार ऐसी छोटी या बड़ी दुर्घटनाओं का सामना करते हैं जिन्हेंं एक छोटी सी समझदारी या तुरंत निर्णय लेने की क्षमता से रोका जा सकता था या फिर उससे होने वाले नुकसान को कम किया जा सकता था। लेकिन कई बार हम घबराहट के चलते किसी प्रकार का प्रयास करने के बजाय भाग्य और भगवान भरोसे बैठ जाते हैं।




ऐसा ही कुछ आॅस्ट्रेलिया के कैनबरा में रहने वाले रूजेट दंपत्ति के साथ हुआ। 22 वर्षीय हायले रूजेट अपनी रोज की दिनचर्या के हिसाब से ही वॉशिंग मशीन में कपड़े धो रही थी। उसका ध्यान धुल रहे कपड़ों की ओर था तभी उसका हाथ पास रखे मैटल टब से छू गया। टब में आ रहे करंट के झटके से हायले दूर जा गिरी। इसी दौरान हायले के पति ट्रेट की नजर दूर पड़ी अपनी पत्नी पर गई। ट्रेट ने आनन फानन में हायले को उठाया और उसकी नब्ज जांची। उस समय न तो हायले की नब्ज चल रही थी और न ही दिल की धड़कन सुनाई दे रही थी।




ट्रेट बताते हैं कि उन्हें पहले लगा कि वह हायले को खो चुके हैं, लेकिन उन्होंने आखिरी प्रयास के तौर पर हायले को अस्पताल ले जाना जरूरी समझा। जहां डाक्टरों के प्रयास से हायले की नब्ज तो वापस आ गई लेकिन उसे होश नहीं आया। करीब एक सप्ताह कोमा में रहने के बाद हायले होश में आई।

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