‘दंगाइयों का गिरोह’ बन गई है यूपी पुलिस : BJP

लखनऊ : भारतीय जनता पार्टी ने आज आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश पुलिस ‘मित्र पुलिस’ नहीं रह गई है बल्कि ‘दंगाइयों का गिरोह’ बन चुकी है। प्रदेश भाजपा प्रवक्ता विजय बहादुर पाठक ने कहा कि वाराणसी में प्रतिकार यात्रा के दौरान खींचे गए फोटो ने उत्तर प्रदेश पुलिस के खुद को ‘मित्र पुलिस’ कहने के दावे की पोल खोल दी है। उन्होंने कहा कि फोटो से साफ दिख रहा है कि पुलिस और पीएसी के जवानों ने किस तरह वाहनों को आग लगाई और किस तरह बेरहमी से निर्दोष लोगों को पीटा।

पाठक ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार राज्य पुलिस को मित्र पुलिस बताती है। वाराणसी में मौके पर कवरेज करने गए मीडियाकर्मियों को भी नहीं छोडा गया। वाराणसी में हिंसा भडकाने के लिए पुलिस ही जिम्मेदार है। उन्होंने कहा कि यह हैरत की बात है कि ‘टेक्नो सैवी’ मुख्यमंत्री अखिलेश यादव इन फोटोग्राफ पर संज्ञान लेने में विफल रहे। पाठक ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि मुख्यमंत्री, जो राज्य में दंगे भडकाने के प्रयास के लिए अन्य लोगों की आेर इशारा कर रहे हैं, अपने खुद के पुलिस बल की विफलता पर संज्ञान लेने में विफल रहे।उन्होंने कहा कि साधु संतों को तो गिरफ्तार किया गया लेकिन दोषी पुलिसकर्मियों पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।

उन्होंने आरोप लगाया कि केवल वाराणसी की ही बात नहीं है, एेसा लगता है कि राज्य सरकार ने पुलिस बल पर नियंत्रण खो दिया है। चाहे शिक्षा मित्रों का मुद्दा हो या साधु संतों का प्रदर्शन, पुलिस ने हर बार लाठीचार्ज किया। ‘‘क्या सरकार के खिलाफ उठने वाली आवाज का जवाब लाठीचार्ज है। अन्य लोगों को दोषी ठहराने की बजाय मुख्यमंत्री को अपनी प्रशासनिक विफलताआें का आत्मनिरीक्षण करना चाहिए।