बिसाहड़ा गाँव के हिंदुओं की मदद के लिए तन-मन-धन के अलावा गन भी हाजिर: हियुवा

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर के दादरी क्षेत्र में स्थित बिसाहड़ा गाँव में हुए अखलाक हत्याकांड ने अब पूरी तरह से राजनीतिक रूप ले लिया है। इस क्रम में गोरखपुर संसदीय क्षेत्र के भाजपा सांसद महंत आदित्यनाथ के संगठन ‘हिन्दू युवा वाहिनी’ (हियुवा) अब बिसाहड़ा गाँव की तरफ कूँच कर दिया है। ये लोग गाँव के हिंदुओं तक बंदूकें पहुंचाने की तैयारी कर रहे हैं। बीते बुधवार को हियुवा के कार्यकर्ता गाँव में जाने की कोशिश कर रहे थे लेकिन पुलिस ने उन्हे रोकते हुए कुछ कार्यकर्ताओं हिरासत में भी लिया है।

हियुवा ने आरोप लगाया कि अखलाक की हत्या के बाद से इलाके के हिंदुओं को बेवजह परेशान किया जा रहा है। वाहिनी के कार्यकर्ता जीतेंद्र त्यागी ने बिसाहड़ा गांव की सीमा पर रोके जाने से पहले एक समाचार वेबपोर्टल ने बातचीत करते हुए कहा कि संगठन के कार्यकर्ता गांव जाकर सरकार से परेशान सभी हिंदुओं से मिलेंगे। त्यागी ने कहा कि परेशान किए जा रहे हिंदुओं की तन-मन और धन के अलावा गन से भी मदद करेंगे।

 हिंदू युवा वाहिनी के कार्यकर्ताओं ने सपा सरकार पर तुष्टिकरण का आरोप लगाते हुए सवाल उठाया कि सिर्फ मुसलमानों को क्यों मुआवजा दिया जा रहा है। उनका कहना था कि हिंदू युवा जयप्रकाश ने खुदकुशी की, लेकिन उसके परिवार की सरकार ने मदद नहीं की। उन्होंने अखलाक की जान लिए जाने की घटना की सीबीआई जांच की भी मांग की।

मालूम हो कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अखलाक परिवार को आर्थिक मदद देते हुए 30 लाख रुपये मुआवजा के रूप में देनेका ऐलान किया है। वहीं अखलाक के अनौआ भाइयों को भी 5-5लाख रुपये की मदद दी है। केवल इतना ही मुख्यमंत्री ने परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने का ऐलान भी किया है। सूबे के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव द्वारा अखलाक के परिवार को दी गई आर्थिक मदद अन्य राजनीतिक दलों को रास नहीं आ रहा है। यही वजह है कि भाजपा समेत सभी दल मुख्यमंत्री के खिलाफ आग उगलते नजर आ रहे हैं।

आपको बता दे कि बीते 29 सितंबर को आरोपियों ने मंदिर में लगे लाउड स्पीकर से बिसरा गाँव में अफवाह फैला दी थी कि गाँव में रहने वाले अखलाक के घर में गौमांस पका है जिसके उत्तेजित होकर गाँव वालों ने इकट्ठा होकर अखलाक के घर पर हमला बोल दिया था। गाँव वालों ने घर में जमकर तोडफोड करने के साथ-साथ अखलाक के परिवार वालों को भी बुरी तरह से पिटाई कर दी थी, जिससे अखलाक की मौके पर ही मौत हो गई थी। जबकि उसका बेटा बुरी तरह से घायल हो गया था।