सोनौली बार्डर जाम लगाकर मधेशियो ने दिखाई ताकत, नेपाल सरकार पर साधा निशाना       

महराजगंज। नेपाल में बने संविधान में संशोधन की मांग को लेकर भारत-नेपाल की अंतर्राष्ट्रीय सीमा सोनौली नो मैस लैंड पर संयुक्त मधेशी मोर्चा के नेतृत्व में रविवार को फिर धरना प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन करते हुए मधेशीयों ने नेपाल सरकार मुर्दाबाद, केपी ओली मुर्दाबाद के नारे तो लगाए ही साथ ही घण्टो तक राष्ट्रीय राजमार्ग को जाम किया। इस दौरान उपद्रवी पहाड़ी मूल के लोगो ने भी मधेशियो पर जमकर पथराव किया। पुलिस, एसएसबी ने स्थिति सामान्य के लिए प्रदर्शनकरियो को तितिर-बितिर किया।

मिली जानकारी के अनुसार, रविवार  दोपहर करीब 1 बजे से सोनौली नो मैस लैण्ड पर सैकड़ो की संख्या में रुपन्देही के संयुक्त मधेशी मोर्चा के नेता और कार्यकर्ताओ ने नेपाल सरकार पर निशाना साधते घन्टो तक गरजते हुये धरना प्रदर्शन कर नेपाल सरकार मुर्दाबाद, केपी ओली मुर्दाबाद, ‘मधेश थारुहट प्रदेश की घोषण करो’ का जोरदार नारा लगाए। उन्होने संविधान का विरोध करते हुये संविधान में संसोधन की माँग की।

प्रदर्शनकारियों ने कहा कि हम नेपाली है हमे अपने अधिकार चहिये। मधेशियों का धरना शांति पूर्ण चल ही रहा था कि लगभग पाँच बजे नेपाल बेलाहिया के पहाड़ी मूल के लोग योजना के तहत सैकड़ो की संख्या में शांति द्वार के पास आकर जुट गए और मौका देखते प्रदर्शनकारियों पर पथराव करना शुरू कर दिया। इस घटना से बार्डर पर दोनों तरफ भगदड़ मच गई। लोग अपनी-अपनी दुकाने बंद करने लगे। इस दौरान करीब आठ प्रदर्शनकारी घायल हुए है।

पुलिस, पीएसी, एसएसबी के जवानों ने स्थिति सामान्य शांति रखने के लिए नो मैस लैंड से प्रदर्शनकारियो की भीड़ को तितिर बितिर किया। धरना के दौरान बार्डर दोनों तरफ वाहनों का जाम लगा रहा। इस दौरान भारत  की सभी खुफिया सुरक्षा एजेंसिया, एसएसबी, पुलिस बल व पीएसी अलर्ट रही ।

सूत्रों की माने तो मधेशियो के ऊपर हुए पथराव  में नेपाल पुलिस की अहम भूमिका  है, क्योंकि अब तक बार्डर पर मधेशियो के ऊपर तीन बार पथराव किया गया और हर बार नेपाल के पुलिस चौकी के नजदीक से पत्थर फेके गए है।

धरना में मुख्य रूप से पूर्व मंत्री व सदभावना पार्टी के केन्द्रीय उपाध्यक्ष ओम प्रकाश यादव (गुलजारी) , संघीय फोरम के रुपन्देही जिला अध्यक्ष महेंद्र यादव, वरिष्ट नेता सन्तोष पान्डेय, पूर्व रक्षा राज्य मंत्री रामबचन यादव, आनन्द गुप्ता, प्रदीप पांडे, उमाशंकर यादव, प्रदीप पान्डेय, विद्या यादव, योगेन्द्र चौधरी, कृष्णचन्द मिश्रा, राजेंद्र गुप्ता सहित सैकड़ो मधेशी कार्यकर्ता मौजूद रहे।

सोनौली बॉर्डर से विजय चौरसिया की रिपोर्ट