आप के 20 विधायकों की सदस्यता होगी रद्द

सीएम केजरीवाल, माफीनामा, मजीठिया
सीएम केजरीवाल का माफीनामा, कहा मजीठिया पर लगाए थे निराधार आरोप

नई दिल्ली। दिल्ली प्रदेश की सत्ता में काबिज आम आदमी पार्टी को शुक्रवार को तगड़ा झटका लगा है। निर्वाचन आयोग ने पार्टी के 20 विधायकों को जन प्रतिनिधि रहते लाभ के पद पर रहने के आरोपों में दोषी माना है। बताया जा रहा है कि आयोग की ओर से राष्ट्रपति कार्यालय को इन विधायकों को बर्खास्त करने की सिफारिश की गई है।

20 Mlas Of Aap Suppose To Loose Their Membership :

मालूम हो कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने दिल्ली में अपनी सरकार बनने के बाद आप के 67 विधायकों में से 7 मंत्री बनाने के बाद 20 विधायकों को संसदीय सचिव नियुक्त किया था। सभी संसदीय सचिवों को अलग कार्यालय के साथ भत्तों का प्रवधान भी तय था। जिसे संवैधानिक नजरिए निर्वाचन आयोग के समक्ष चुनौती दी गई थी।

निर्वाचन आयोग के इस फैसले के बाद आम आदमी पार्टी ने निर्वाचन आयोग पर विधायकों का पक्ष न सुनने का आरोप लगया है। आम आदमी पार्टी का कहना है कि वह निर्वाचन अयोग के फैसले को अदालत के समक्ष चुनौती देगी।

नई दिल्ली। दिल्ली प्रदेश की सत्ता में काबिज आम आदमी पार्टी को शुक्रवार को तगड़ा झटका लगा है। निर्वाचन आयोग ने पार्टी के 20 विधायकों को जन प्रतिनिधि रहते लाभ के पद पर रहने के आरोपों में दोषी माना है। बताया जा रहा है कि आयोग की ओर से राष्ट्रपति कार्यालय को इन विधायकों को बर्खास्त करने की सिफारिश की गई है।मालूम हो कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने दिल्ली में अपनी सरकार बनने के बाद आप के 67 विधायकों में से 7 मंत्री बनाने के बाद 20 विधायकों को संसदीय सचिव नियुक्त किया था। सभी संसदीय सचिवों को अलग कार्यालय के साथ भत्तों का प्रवधान भी तय था। जिसे संवैधानिक नजरिए निर्वाचन आयोग के समक्ष चुनौती दी गई थी।निर्वाचन आयोग के इस फैसले के बाद आम आदमी पार्टी ने निर्वाचन आयोग पर विधायकों का पक्ष न सुनने का आरोप लगया है। आम आदमी पार्टी का कहना है कि वह निर्वाचन अयोग के फैसले को अदालत के समक्ष चुनौती देगी।