मारुति सुजुकी प्रकरण में 31 मजदूर पाए गए दोषी

2012 Maruti Plant Violence 31 Workers Found Guilty 117 Acquitted

गुरुग्राम: मारुति सुजुकी प्रकरण में शुक्रवार को कोर्ट ने 31 आरोपियों को दोषी पाया। 148 आरोपियों में से इन 31 को दोषी पाया गया है। कोर्ट 17 मार्च को दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की बहस सुनने के बाद दोषियों की सजा पर फैसला सुनाएगी। सबसे पहले कोर्ट ने 117 आरोपियों को रिहा करने की घोषणा की। हर आरोपी को न्यायाधीश के समक्ष अदालत में पेश किया गया। न्यायाधीश ने स्वयं उनको बताया कि उनके खिलाफ कोई सबूत व गवाह नहीं मिले हैं।



मामला अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश आरपी गोयल की कोर्ट में चला।अभियोजन पक्ष के डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी लाल सिंह यादव व सरकारी वकील अनुराग हुड्डा ने बताया कि अदालत ने 13 आरोपियों को 18 जुलाई 2012 में आईएमटी मानेसर स्थित मारुति सुजुकी कंपनी में घटित हुई घटना में एचआर हेड अवनीश देव की मौत का जिम्मेदार मानते हुए उन्हें दोषी करार दिया है। इनमें मारुति सुजुकी श्रमिक यूनियन के सभी 12 पदाधिकारी व श्रमिक जियालाल हैं। जियालाल की ही शॉप फ्लोर पर सुपरवाइजर से कहासुनी हुई थी, जिसने झगड़े का रूप धारण कर लिया था और यह दुखद घटना घटित हो गई थी।




दोषियों में राममेहर, संदीप ढिल्लों, रामविलास, सरबजीत सिंह, पवन कुमार, सोहन कुमार, प्रदीप गर्जर, अजमेर सिंह, सुरेश कुमार, अमरजीत, धनराज भामी व योगेश कुमार श्रमिक यूनियन के पदाधिकारी थे। जियालाल को भी दोषी करार दिया गया है। लाल सिंह यादव व अनुराग हुड्डा ने बताया कि 18 आरोपियों को मारपीट के तहत अदालत ने दोषी करार दिया है।

गुरुग्राम: मारुति सुजुकी प्रकरण में शुक्रवार को कोर्ट ने 31 आरोपियों को दोषी पाया। 148 आरोपियों में से इन 31 को दोषी पाया गया है। कोर्ट 17 मार्च को दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की बहस सुनने के बाद दोषियों की सजा पर फैसला सुनाएगी। सबसे पहले कोर्ट ने 117 आरोपियों को रिहा करने की घोषणा की। हर आरोपी को न्यायाधीश के समक्ष अदालत में पेश किया गया। न्यायाधीश ने स्वयं उनको बताया कि उनके खिलाफ कोई सबूत व गवाह नहीं…