आजम खां पर हत्या का एक और मुकदमा दर्ज

आजम खां
आजम खां पर हत्या का एक और मुकदमा दर्ज

रामपुर। समाजवादी पार्टी के लोकसभा सांसद आजम खां के खिलाफ हत्या का एक और मुकदमा दर्ज हुआ है। इस मामले में उन पर भैंस, गाय और बकरी चोरी का भी आरोप लगा है। इस मामले में उनके साथ ही शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी, सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन जफर फारूकी और तत्कालीन सीओ सिटी आले हसन खां को भी नामजद किया गया है।

A Case Of Murder Has Also Been Filed Against Azam Khan :

शहर कोतवाली में दर्ज इस मुकदमे में यतीमखाना घोसियान की नसीमा खातून वादी हैं। नसीमा खातून ने तहरीर देते हुए बताया कि 15 अक्टूबर 2016 की सुबह 4.30 बजे सीओ सिटी आले हसन खां, जफर फारूकी, वसीम रिजवी, आजम खां के मीडिया प्रभारी फसाहत अली खां, एसओजी के सिपाही धर्मेंद्र और इस्लाम ठेकेदार, आजम खां के बेटे अब्दुल्ला के दोस्त मुहम्मद सालिम उसके घर पहुंचे और मारपीट करने लगे। यह लोग जबरन घर खाली करने के लिए धमकाने लगे। पीड़िता के मुताबिक जब उसने विरोध किया तो मारपीट कर घर से निकाल दिया। इसके बाद घर पर बुलडोजर चलवा दिया। इस के बाद यह जबरन घर में रखे सोने-चांदी के जेवर तीन भैंस, एक गाय, एक बछड़ा और चार बकरी खोल कर ले गए।

पीड़िता के मुताबिक मारपीट में उनके पति बाबू अली घायल हो गए थे। चंद दिनों बाद उनकी मौत हो गई। पुलिस ने अब गैर इरादतन हत्या, चोरी लूटपाट,मकान तोडऩे आदि के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली है। इसके दस दिन पहले भी यतीमखाना घोसियान के आसिफ अली ने भी इन्हीं आरोपों में मुकदमा दर्ज कराया था। उसमें मां फैजादी बेगम को मारपीट करना और उपचार के दौरान मौत हो जाने का जिक्र था। इससे पहले भी घोसियान के 11 लोगों ने आजम खां के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। आजम के खिलाफ अब तक कुल 74 मुकदमे दर्ज हो चुके हैं। वसीम रिजवी के खिलाफ रामपुर में यह दूसरा आपराधिक मुकदमा दर्ज हुआ है।

रामपुर। समाजवादी पार्टी के लोकसभा सांसद आजम खां के खिलाफ हत्या का एक और मुकदमा दर्ज हुआ है। इस मामले में उन पर भैंस, गाय और बकरी चोरी का भी आरोप लगा है। इस मामले में उनके साथ ही शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी, सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन जफर फारूकी और तत्कालीन सीओ सिटी आले हसन खां को भी नामजद किया गया है। शहर कोतवाली में दर्ज इस मुकदमे में यतीमखाना घोसियान की नसीमा खातून वादी हैं। नसीमा खातून ने तहरीर देते हुए बताया कि 15 अक्टूबर 2016 की सुबह 4.30 बजे सीओ सिटी आले हसन खां, जफर फारूकी, वसीम रिजवी, आजम खां के मीडिया प्रभारी फसाहत अली खां, एसओजी के सिपाही धर्मेंद्र और इस्लाम ठेकेदार, आजम खां के बेटे अब्दुल्ला के दोस्त मुहम्मद सालिम उसके घर पहुंचे और मारपीट करने लगे। यह लोग जबरन घर खाली करने के लिए धमकाने लगे। पीड़िता के मुताबिक जब उसने विरोध किया तो मारपीट कर घर से निकाल दिया। इसके बाद घर पर बुलडोजर चलवा दिया। इस के बाद यह जबरन घर में रखे सोने-चांदी के जेवर तीन भैंस, एक गाय, एक बछड़ा और चार बकरी खोल कर ले गए। पीड़िता के मुताबिक मारपीट में उनके पति बाबू अली घायल हो गए थे। चंद दिनों बाद उनकी मौत हो गई। पुलिस ने अब गैर इरादतन हत्या, चोरी लूटपाट,मकान तोडऩे आदि के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली है। इसके दस दिन पहले भी यतीमखाना घोसियान के आसिफ अली ने भी इन्हीं आरोपों में मुकदमा दर्ज कराया था। उसमें मां फैजादी बेगम को मारपीट करना और उपचार के दौरान मौत हो जाने का जिक्र था। इससे पहले भी घोसियान के 11 लोगों ने आजम खां के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। आजम के खिलाफ अब तक कुल 74 मुकदमे दर्ज हो चुके हैं। वसीम रिजवी के खिलाफ रामपुर में यह दूसरा आपराधिक मुकदमा दर्ज हुआ है।