अनोखा विरोध: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से युवती ने रचाई शादी, जानें वजह

yogi-adityanath-marriage

सीतापुर। उत्तर प्रदेश के सीतापुर में एक महिला ने सीएम योगी आदित्यनाथ से सांकेतक विवाह कर लिया है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगें पूरी करने के लिए विरोध का एक अनोखा तरीका अपनाया। युवती ने मंगलवार को शादी की पूरी रस्मों को निभाते हुए सीएम योगी की फोटो से शादी रचा ली।

Aaganbadi Workers Had Symbolic Marriage With Cm Yogi In Sitapur :

जानकारी के मुताबिक कर्मचारी संघ की जिलाध्यक्ष नीतू सिंह ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की कई मांगों पर सीएम योगी का ध्यान आकर्षित करने के लिए विरोध का ये अनोखा तरीका अपनाया। युवती ने सीतापुर में डीएम दफ्तर के पास स्थ्ति विकास भवन के सामने गाजे-बाजे के साथ योगी आदित्यनाथ की फोटो से पूरे रस्मों-रिवाज के साथ शादी रचाई।
क्या सोच कर अपनाया यह तरीका

योगी की दुल्हन बनी नीतू का कहना है, “योगी सरकार हमारी नहीं सुन रही है। हम सभी ने सोचा कि शादी करके पौने 4 लाख बहनों का भला हो सकता है ऐसे तो योगी जी हठी है हमारी नहीं सुनेगे। मांगों को पूरा करने के लिए 4 महीने का टाइम दिया गया था लेकिन अब तक 9 महीने का वक्त पूरा हो गया है और हमारी एक भी मांग पूरी नहीं हुई है।”

महिला कार्यकर्ताओं का कहना है कि पति अपनी पत्नी को हर ख़ुशी देता है और जिद पूरी करने की कोशिश करता है। यही वजह है कि नीतू सिंह ने यह रास्ता अपनाया। अभी 8 तारीख को सीएम योगी आ रहे हैं अगर हमारी मांगे पूरी नहीं हुई थी तो हम उन्ही के साथ चले जाएंगे।

सीतापुर। उत्तर प्रदेश के सीतापुर में एक महिला ने सीएम योगी आदित्यनाथ से सांकेतक विवाह कर लिया है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगें पूरी करने के लिए विरोध का एक अनोखा तरीका अपनाया। युवती ने मंगलवार को शादी की पूरी रस्मों को निभाते हुए सीएम योगी की फोटो से शादी रचा ली।जानकारी के मुताबिक कर्मचारी संघ की जिलाध्यक्ष नीतू सिंह ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की कई मांगों पर सीएम योगी का ध्यान आकर्षित करने के लिए विरोध का ये अनोखा तरीका अपनाया। युवती ने सीतापुर में डीएम दफ्तर के पास स्थ्ति विकास भवन के सामने गाजे-बाजे के साथ योगी आदित्यनाथ की फोटो से पूरे रस्मों-रिवाज के साथ शादी रचाई। क्या सोच कर अपनाया यह तरीकायोगी की दुल्हन बनी नीतू का कहना है, "योगी सरकार हमारी नहीं सुन रही है। हम सभी ने सोचा कि शादी करके पौने 4 लाख बहनों का भला हो सकता है ऐसे तो योगी जी हठी है हमारी नहीं सुनेगे। मांगों को पूरा करने के लिए 4 महीने का टाइम दिया गया था लेकिन अब तक 9 महीने का वक्त पूरा हो गया है और हमारी एक भी मांग पूरी नहीं हुई है।"महिला कार्यकर्ताओं का कहना है कि पति अपनी पत्नी को हर ख़ुशी देता है और जिद पूरी करने की कोशिश करता है। यही वजह है कि नीतू सिंह ने यह रास्ता अपनाया। अभी 8 तारीख को सीएम योगी आ रहे हैं अगर हमारी मांगे पूरी नहीं हुई थी तो हम उन्ही के साथ चले जाएंगे।