बिहार के गया से पकड़ा गया एक आतंकी, दो साथी फरार

पटना। बिहार पुलिस ने गया से एक आतंकी को गिरफ्तार किया है जिसके तार अहमदाबाद में 2008 में हुए बम ब्लास्ट से जुड़े है। तौफीक खान नमक इस आतंकी को इस बम ब्लास्ट का मुख्य आरोपी भी माना जा रहा है। बताया जा रहा है कि शुरू में इसने अपनी पहचान छिपाने की बहुत कोशिश की, लेकिन पुलिस पूछताछ में उसने अपना नाम और ब्लास्ट में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। जिस समय ये धमाके हुए उस समय पीएम मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे और अमित शाह गृहराज्यमंत्री।

Ahmedabad Blast Terrorist Arrested From Bihars Gaya :

दो आतंकी भाग गए
सूत्रों की माने तो फिलहाल पकड़े गए आतंकी से विभिन्न जांच एजेंसीयां बारी-बारी पूछताछ कर रही हैं। बिहार पुलिस का कहना हैं कि गुजरात एटीएस की टीम आज गया आ रही है और वह उसे ट्रांजिट रिमांड पर लेकर अहमदाबाद ले जाएगी। हालांकि तौसीफ के दो साथी भागने में सफल रहे।

मामला सिविल लाइन थाना के राजेन्द्र आश्रम के पास एक साइबर कैफे का है। जहां वह कई दिनों से साइबर कैफे में आकर घंटों रहकर किसी से बात करता था। मामला उस वक्त सामने आया जब कैफे संचालक के फेसबुक पर एक आतंकी फोटो आया जो दिल्ली पुलिस के द्वारा भेजी गई 5 तस्वीरों में से एक था। उसमें से एक युवक की चेहरा मिलने से शक हुआ और उसने तुरन्त स्थानिय पुलिस को फोन किया और पुलिस ने पहुंचकर दोनों को पकड़ लिया। फिलहाल पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है।

पटना। बिहार पुलिस ने गया से एक आतंकी को गिरफ्तार किया है जिसके तार अहमदाबाद में 2008 में हुए बम ब्लास्ट से जुड़े है। तौफीक खान नमक इस आतंकी को इस बम ब्लास्ट का मुख्य आरोपी भी माना जा रहा है। बताया जा रहा है कि शुरू में इसने अपनी पहचान छिपाने की बहुत कोशिश की, लेकिन पुलिस पूछताछ में उसने अपना नाम और ब्लास्ट में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। जिस समय ये धमाके हुए उस समय पीएम मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे और अमित शाह गृहराज्यमंत्री। दो आतंकी भाग गए सूत्रों की माने तो फिलहाल पकड़े गए आतंकी से विभिन्न जांच एजेंसीयां बारी-बारी पूछताछ कर रही हैं। बिहार पुलिस का कहना हैं कि गुजरात एटीएस की टीम आज गया आ रही है और वह उसे ट्रांजिट रिमांड पर लेकर अहमदाबाद ले जाएगी। हालांकि तौसीफ के दो साथी भागने में सफल रहे। मामला सिविल लाइन थाना के राजेन्द्र आश्रम के पास एक साइबर कैफे का है। जहां वह कई दिनों से साइबर कैफे में आकर घंटों रहकर किसी से बात करता था। मामला उस वक्त सामने आया जब कैफे संचालक के फेसबुक पर एक आतंकी फोटो आया जो दिल्ली पुलिस के द्वारा भेजी गई 5 तस्वीरों में से एक था। उसमें से एक युवक की चेहरा मिलने से शक हुआ और उसने तुरन्त स्थानिय पुलिस को फोन किया और पुलिस ने पहुंचकर दोनों को पकड़ लिया। फिलहाल पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है।