समाजवादी पार्टी में रार जारी, एक साथ तीन बैठकों से उठे सवाल

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की सत्तारूढ़ समाजवादी पार्टी के भीतर पिछले दो महीनों से सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल यादव ने शनिवार को जहां पार्टी की प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक बुलाई वहीं दूसरी ओर सीएम अखिलेश यादव ने अपने ​आवास 5 कालीदास मार्ग पर पार्टी से निष्कासित युवाजन सभा के पदाधिकारियों के साथ बैठक की। इस बीच खबरें ये भी आईं कि मुलायम सिंह यादव ने अपने सिपहसलारों और पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के साथ अलग से बैठक की है। पार्टी के भीतर एक साथ हुई इन तीन बैठकों के बाद एक बार फिर गुटबाजी की खबरें तेज होने लगीं हैं। हालांकि पार्टी कार्यालय में शिवपाल यादव की अध्यक्षता में हुई बैठक को पार्टी की ओर से बुलाई गई बैठक बताया गया है।




सूत्रों की माने तो प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक को मुलायम सिंह यादव के कहने पर बुलाया गया था। जिसमें पार्टी के एमएलसी और मुलायम सिंह यादव को विवादित चिट्ठी लिखने वाले उदय वीर सिंह यादव पर चर्चा की गई। इसके साथ ही पार्टी के पदाधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे पार्टी के भीतर चल रही खींचतान को लेकर कोई बयानबाजी नहीं करेंगे। न ही किसी प्रकार की सार्वजनिक तौर पर कोई टिप्पणी की जाएगी। शिवपाल यादव द्वारा ली गई बैठक में पार्टी सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव और सीएम अखिलेश यादव को बुलाया गया था, लेकिन अखिलेश यादव ने एकबार फिर बैठक से किनारा कर ​लिया, जबकि मुलयाम ने बैठक में शिरकत की।

अंदर खाने से खबरें आ रहीं हैं कि मुलायम सिंह यादव रविवार को पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक करने वाले हैं। इस बैठक में आगामी विधानसभा चुनावों में रणनीति से लेकर मुख्यमंत्री पद के चहरे को लेकर चर्चा हो सकती है। जिसके बाद सोमवार को सीएम अखिलेश यादव भी पार्टी के तमाम विधायकों और विधान परिषद् सदस्यों की बैठक लेंगे।




बताया जा रहा है कि इस बैठक में शामिल हुए नेताओं ने पार्टी के अंदरूनी माहौल को लेकर गिर रही पार्टी की छवि पर सवाल उठाते हुए, वर्तमान परिस्थितियों का जल्द से जल्द कोई स्थाई हल निकालने की बात कही है। बैठक के बाद पार्टी कार्यालय से बाहर निकले पार्टी के नेताओं ने बयान देते हुए कहा कि पार्टी के भीतर सब कुछ ठीक है।