अतीक अहमद को नैनी जेल में किया जाएगा शिफ्ट, फूलपुर से लड़ सकते हैं चुनाव

ateek ahmad
अतीक अहमद को नैनी जेल में किया जाएगा शिफ्ट, फूलपुर से लड़ सकते हैं चुनाव

लखनऊ। लोकसभा चुनाव के बीच योगी सरकार अचानक माफिया डॉन के तौर पर बदनाम समाजवादी पार्टी के पूर्व बाहुबली सांसद अतीक अहमद पर मेहरबान होती नजर आ रही है। योगी सरकार ने बरेली जेल में बंद अतीक अहमद की जेल बदलने का लिया फ़ैसला लिया है।

Allahabad Atiq Ahmed Will Be Shifted To Naini Jail Can Contest Against Phulpur :

पिछले दिनों देवरिया जेल में मारपीट के एक मामले में चर्चा में आए अतीक को बरेली सेंट्रल जेल शिफ्ट किया गया था। यहां अतीक ने अपनी जान को खतरा बताया था। लोकसभा चुनाव के ठीक पहले अतीक को घर की जेल में भेजने के निर्णय के सियासी निहितार्थ निकाले जा रहे हैं। इससे फूलपुर क्षेत्र में चुनावी सरगर्मी तेज होगी।

आपको बता दें कि प्रयागराज अतीक अहमद का गृह जिला भी है। अतीक अहमद दिसम्बर 2016 में हुई मारपीट और बवाल के मामले में फरवरी 2017 से जेल में बंद है। अतीक पर योगी सरकार की मेहरबानी को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। ऐसी चर्चा है कि फूलपुर सीट से अतीक अहमद निर्दलीय चुनाव भी लड़ सकते हैं।

अतीक अहमद के चुनाव लड़ने से सीधे तौर पर मुस्लिम वोटों के बंटवारे से बीजेपी को फायदा होने की उम्मीद जतायी जा रही है। अतीक अहमद को शनिवार बरेली से नैनी सेंट्रल जेल में ट्रांसफर किया जा सकता है। दरअसल 2018 में फूलपुर लोकसभा सीट पर हुए उपचुनाव में भी अतीक अहमद ने देवरिया जेल से चुनाव लड़ा था और उन्हें पचास हजार वोट भी मिले थे।

लखनऊ। लोकसभा चुनाव के बीच योगी सरकार अचानक माफिया डॉन के तौर पर बदनाम समाजवादी पार्टी के पूर्व बाहुबली सांसद अतीक अहमद पर मेहरबान होती नजर आ रही है। योगी सरकार ने बरेली जेल में बंद अतीक अहमद की जेल बदलने का लिया फ़ैसला लिया है। पिछले दिनों देवरिया जेल में मारपीट के एक मामले में चर्चा में आए अतीक को बरेली सेंट्रल जेल शिफ्ट किया गया था। यहां अतीक ने अपनी जान को खतरा बताया था। लोकसभा चुनाव के ठीक पहले अतीक को घर की जेल में भेजने के निर्णय के सियासी निहितार्थ निकाले जा रहे हैं। इससे फूलपुर क्षेत्र में चुनावी सरगर्मी तेज होगी। आपको बता दें कि प्रयागराज अतीक अहमद का गृह जिला भी है। अतीक अहमद दिसम्बर 2016 में हुई मारपीट और बवाल के मामले में फरवरी 2017 से जेल में बंद है। अतीक पर योगी सरकार की मेहरबानी को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। ऐसी चर्चा है कि फूलपुर सीट से अतीक अहमद निर्दलीय चुनाव भी लड़ सकते हैं। अतीक अहमद के चुनाव लड़ने से सीधे तौर पर मुस्लिम वोटों के बंटवारे से बीजेपी को फायदा होने की उम्मीद जतायी जा रही है। अतीक अहमद को शनिवार बरेली से नैनी सेंट्रल जेल में ट्रांसफर किया जा सकता है। दरअसल 2018 में फूलपुर लोकसभा सीट पर हुए उपचुनाव में भी अतीक अहमद ने देवरिया जेल से चुनाव लड़ा था और उन्हें पचास हजार वोट भी मिले थे।