PAK के दोहरे रवैये पर अमेरिका का वार, हाफिज की पार्टी को घोषित किया आतंकी संगठन 

PAK , हाफिज, आतंकी संगठन 
PAK के दोहरे रवैये पर अमेरिका का वार, हाफिज की पार्टी को घोषित किया आतंकी संगठन 

वॉशिंगटन।  अमेरिका ने पाकिस्‍तान और मोस्‍ट वांटेंड आतंकी हाफिज सईद को मंगलवार को एक और तगड़ा झटका दिया है। अमेरिका की ओर से हाफिज सईद की संस्‍था जमात-उद-दावा (JUD) का हिस्‍सा और हाफिज सईद की राजनीतिक पार्टी मिल्‍ली मुस्लिम लीग (MML) को विदेशी आतंकी संगठन घोषित कर दिया है। । अमेरिका ने तहरीक-ए-आजादी-ए-कश्मीर (TAJK) को भी आतंकी संगठनों की सूची में  शामिल किया है।

America Bans Milli Muslim League Political Party Hafiz Saeed Foreign Terrorist Organisation :

ट्रंप प्रशासन के अनुसार टीएजेके को लश्कर-ए-तैयबा का फ्रंट माना जाता है, जो पाकिस्तान में बिना रोक-टोक संचालित होता है। उल्लेखनीय है कि एक दिन पहले ही पाकिस्तान चुनाव आयोग ने एमएमएल को राजनीतिक पार्टी के तौर पर पंजीकरण के लिए गृह मंत्रालय से मंजूरी प्रमाणपत्र लाने को कहा था।

बता दें कि जमात-उद दावा का संगठन लश्कर-ए तैयबा पूरी दुनियाभर में अपनी आतंकी करतूतों को लेकर बदनाम है।   अमेरिका ने भी संगठन और हाफिज सईद को आतंक का आका माना है। यहां तक कि उसे आजाद घूमने की इजाजत मिलने पर भी अमेरिका ने विरोध किया था।

मुंबई में 26/11 हमले का मास्टरमाइंड भी हाफिज सईद ही है।  ऐसे में पाकिस्तानी एनएसए और वहां की सत्ता पर काबिज दल के नेताओं द्वारा हाफिज सईद के संगठन की तारीफ करना आतंक के प्रति उसके मददगार रुख और भारत के आरोपों को और मजबूती देता है।

एमएमएल के 7 मेंबर भी आतंकी घोषित

द यूएस डिपार्टमेंट ऑफ स्टेट ने एक संशोधन प्रस्ताव पेश किया। जिसके तहत लश्कर-ए-तैयबा के साथ ही एमएमएल और तहरीक-ए-आजादी-ए-कश्मीर (टीएजेके) को आतंकी संगठनों की लिस्ट में शामिल किया गया। इनके अलावा एमएमएल के 7 सदस्यों को लश्कर के लिए काम करने की वजह से आतंकी घोषित किया गया है।

हाफिज जारी कर चुका अपना घोषणापत्र

हाफिज ने 23 मार्च को एमएमएल का घोषणा पत्र जारी कर दिया था। मिल्ली मुस्लिम लीग को एक राजनीतिक पार्टी के रूप में मान्यता देने के लिए इस्लामाबाद हाईकोर्ट ने भी रास्ता साफ कर दिया था।

17 साल पहले लश्कर घोषित किया गया था आतंकी संगठन

लश्कर-ए-तैयबा का गठन 1980 के दशक में हुआ था। वह 2008 में मुंबई में हुए आतंकी हमलों के लिए जिम्मेदार है। इन हमलों में 166 लोगों की मौत हो गई थी। अमेरिका ने लश्कर को 26 दिसंबर 2001 में विदेशी और वैश्विक आतंकी संगठन घोषित किया था। इसके मुखिया हाफिज सईद को भी वैश्विक आतंकी घोषित किया गया था।
वॉशिंगटन।  अमेरिका ने पाकिस्‍तान और मोस्‍ट वांटेंड आतंकी हाफिज सईद को मंगलवार को एक और तगड़ा झटका दिया है। अमेरिका की ओर से हाफिज सईद की संस्‍था जमात-उद-दावा (JUD) का हिस्‍सा और हाफिज सईद की राजनीतिक पार्टी मिल्‍ली मुस्लिम लीग (MML) को विदेशी आतंकी संगठन घोषित कर दिया है। । अमेरिका ने तहरीक-ए-आजादी-ए-कश्मीर (TAJK) को भी आतंकी संगठनों की सूची में  शामिल किया है।ट्रंप प्रशासन के अनुसार टीएजेके को लश्कर-ए-तैयबा का फ्रंट माना जाता है, जो पाकिस्तान में बिना रोक-टोक संचालित होता है। उल्लेखनीय है कि एक दिन पहले ही पाकिस्तान चुनाव आयोग ने एमएमएल को राजनीतिक पार्टी के तौर पर पंजीकरण के लिए गृह मंत्रालय से मंजूरी प्रमाणपत्र लाने को कहा था।
बता दें कि जमात-उद दावा का संगठन लश्कर-ए तैयबा पूरी दुनियाभर में अपनी आतंकी करतूतों को लेकर बदनाम है।   अमेरिका ने भी संगठन और हाफिज सईद को आतंक का आका माना है। यहां तक कि उसे आजाद घूमने की इजाजत मिलने पर भी अमेरिका ने विरोध किया था।मुंबई में 26/11 हमले का मास्टरमाइंड भी हाफिज सईद ही है।  ऐसे में पाकिस्तानी एनएसए और वहां की सत्ता पर काबिज दल के नेताओं द्वारा हाफिज सईद के संगठन की तारीफ करना आतंक के प्रति उसके मददगार रुख और भारत के आरोपों को और मजबूती देता है।

एमएमएल के 7 मेंबर भी आतंकी घोषित

द यूएस डिपार्टमेंट ऑफ स्टेट ने एक संशोधन प्रस्ताव पेश किया। जिसके तहत लश्कर-ए-तैयबा के साथ ही एमएमएल और तहरीक-ए-आजादी-ए-कश्मीर (टीएजेके) को आतंकी संगठनों की लिस्ट में शामिल किया गया। इनके अलावा एमएमएल के 7 सदस्यों को लश्कर के लिए काम करने की वजह से आतंकी घोषित किया गया है।

हाफिज जारी कर चुका अपना घोषणापत्र

हाफिज ने 23 मार्च को एमएमएल का घोषणा पत्र जारी कर दिया था। मिल्ली मुस्लिम लीग को एक राजनीतिक पार्टी के रूप में मान्यता देने के लिए इस्लामाबाद हाईकोर्ट ने भी रास्ता साफ कर दिया था।

17 साल पहले लश्कर घोषित किया गया था आतंकी संगठन

लश्कर-ए-तैयबा का गठन 1980 के दशक में हुआ था। वह 2008 में मुंबई में हुए आतंकी हमलों के लिए जिम्मेदार है। इन हमलों में 166 लोगों की मौत हो गई थी। अमेरिका ने लश्कर को 26 दिसंबर 2001 में विदेशी और वैश्विक आतंकी संगठन घोषित किया था। इसके मुखिया हाफिज सईद को भी वैश्विक आतंकी घोषित किया गया था।