आतंक पर इमरान की नरमी से अमेरिका नाराज, आर्थिक मदद पर लगाई रोक

आतंक पर इमरान की नरमी से अमेरिका नाराज, 2100 करोड़ की मदद पर लगाई रोक
आतंक पर इमरान की नरमी से अमेरिका नाराज, 2100 करोड़ की मदद पर लगाई रोक

नई दिल्ली  पाकिस्तान को बड़ा झटका देते हुए अमेरिका ने 300 मिलियन डॉलर  (2130 करोड़ रुपये से ज्यादा)  सहायता राशि पर रोक लगा दी है।  आपको बता दें कि आतंकियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने में नाकाम रहने के कारण इस्लामाबाद को अब तक यह मदद रोकी गई थी। अमेरिका के साथ पाकिस्तान के संबंध पहले से ही तनावपूर्ण चल रहे हैं, अब इस फैसले के बाद द्विपक्षीय रिश्ते और कमजोर हो सकते हैं।

America Cancels 300 Million In Aid To Pakistan Over Failure To Take Action Against Militants :

ट्रम्प एडमिनिस्ट्रेशन का कहना है कि बीते 17 साल से अफगानिस्तान में तालिबान के खिलाफ अमेरिका की अगुआई वाली सेनाएं युद्ध लड़ रही हैं और पाकिस्तान आतंकियों का सुरक्षित पनाहगाह बना हुआ है। एक अमेरिकी अफसर के मुताबिक, “अमेरिकी रक्षा मंत्री जेम्स मैटिस ने कहा था कि अगर पाक आतंकियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई करता है तो उसे 300 मिलियन डॉलर का सीएसएफ दिया जा सकता है। लेकिन ऐसा हुआ नहीं।”

बता दे पाकिस्तान कुछ समय से आर्थिक तंगी के दौर से गुजर रहा है। नए प्रधानमंत्री इमरान खान के सामने सबसे बड़ी चुनौती पाकिस्तान को इस आर्थिक संकट से उबारने की है। इमरान खान सरकारी खर्चों में कटौती इस उस कदम भी उठाए हैं। पाकिस्तान के ऊपर पहले से दुनिया भर की तमाम संस्थाओं का कर्जा है, उसे अब और कर्जा मुश्किल हैं। ऐसे में अमेरिका की ओर से मदद रोक जाने का एलान पाकिस्तान के नासूर पर नमक जैसा है

नई दिल्ली  पाकिस्तान को बड़ा झटका देते हुए अमेरिका ने 300 मिलियन डॉलर  (2130 करोड़ रुपये से ज्यादा)  सहायता राशि पर रोक लगा दी है।  आपको बता दें कि आतंकियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने में नाकाम रहने के कारण इस्लामाबाद को अब तक यह मदद रोकी गई थी। अमेरिका के साथ पाकिस्तान के संबंध पहले से ही तनावपूर्ण चल रहे हैं, अब इस फैसले के बाद द्विपक्षीय रिश्ते और कमजोर हो सकते हैं।

ट्रम्प एडमिनिस्ट्रेशन का कहना है कि बीते 17 साल से अफगानिस्तान में तालिबान के खिलाफ अमेरिका की अगुआई वाली सेनाएं युद्ध लड़ रही हैं और पाकिस्तान आतंकियों का सुरक्षित पनाहगाह बना हुआ है। एक अमेरिकी अफसर के मुताबिक, "अमेरिकी रक्षा मंत्री जेम्स मैटिस ने कहा था कि अगर पाक आतंकियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई करता है तो उसे 300 मिलियन डॉलर का सीएसएफ दिया जा सकता है। लेकिन ऐसा हुआ नहीं।''

बता दे पाकिस्तान कुछ समय से आर्थिक तंगी के दौर से गुजर रहा है। नए प्रधानमंत्री इमरान खान के सामने सबसे बड़ी चुनौती पाकिस्तान को इस आर्थिक संकट से उबारने की है। इमरान खान सरकारी खर्चों में कटौती इस उस कदम भी उठाए हैं। पाकिस्तान के ऊपर पहले से दुनिया भर की तमाम संस्थाओं का कर्जा है, उसे अब और कर्जा मुश्किल हैं। ऐसे में अमेरिका की ओर से मदद रोक जाने का एलान पाकिस्तान के नासूर पर नमक जैसा है