बिहार और गुजरात पर अमित शाह की दो टूक, ना कोई दल तोड़ा ना किसी के विधायक

अमित शाह
बिहार और गुजरात पर अमित शाह की दो टूक, ना कोई दल तोड़ा ना किसी के विधायक

लखनऊ। अपने तीन दिवसीय यूपी दौरे पर आए भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह अपने दौरे के आखिरी पड़ाव पर प्रेस कांफ्रेंस का आयोजन कर मीडिया के सवालों जवाब दिए। उन्होंने बिहार और गुजरात को लेकर किए गए सवाल पर स्पष्ट लहजे में जवाब देते हुए कहा कि ना तो उन्होंने किसी दल को तोड़ा है और ना ही किसी दल के विधायक।

उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार ने भ्रष्टाचार के मुद्दे पर महागठंबधन सरकार से इस्तीफा दिया। जब नीतीश कुमार ही मुख्यमंत्री होते हुए वह सरकार नहीं चलाना चाहते थे तो क्या भाजपा वाले बन्दूक लगाकर उनसे माहगठबंधन की सरकार चलवाते रहते। रही बात गुजरात में कांग्रेस के विधायको के टूटने की तो उन्होंने आजकल अपने विधायकों को बेंगलुरू में कमरे में बंद कर रखा है। अगर अमित शाह के गुजरात जाने से विधायक टूट रहे हैं तो वह अभी तेलंगाना, ओडीसा, हिमाचल प्रदेश और जम्मू कश्मीर का दौरा भी करके लौटे हैं, क्या इन राज्यों में भी विधायकों ने इस्तीफा दिया है?

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मीडिया ने मुलायम सिंह यादव के छोटे भाई शिवपाल यादव के भाजपा में शामिल होने की खबरों पर सवाल पूछा तो अमित शाह ने कहा कि ऐसा कोई भी प्रस्ताव भाजपा को नहीं मिला है न ही भाजपा में विचार के लिए रखा गया है।

इसके साथ ही पनामा पेपर्स लीक मामले पर जवाब दे रहे अमित शाह ने कहा कि इस मामले में भाजपा के किसी नेता का नाम सामने नहीं आया है। जिन लोगों के नाम सामने आए हैं उसकी जांच के लिए केन्द्र सरकार ने रिटायर्ड जजों की एक कमिटी गठित की है वह अपनी रिपोर्ट केन्द्र सरकार को सौंपेगी।

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अमित शाह से 2014 के चुनावी घोषणापत्र में शामिल किए गए राम मंदिर के निर्माण के वादे पर सवाल पूछा गया तो उन्होने कहा कि राम मंदिर निर्माण जरूर होगा, लेकिन अदालत के फैसले के बाद या फिर दोनों पक्षों में परस्पर सहमति बनने के बाद ही इसके लिए कोई रास्ता निकलने के बाद।

इस दौरान यूपी की कानून व्यवस्था के सवाल पर जवाब देते हुए अमित शाह ने कहा कि यूपी में कानूनराज जरूर आएगा। लोगों को विश्वास रखने की जरूरत है। सूबे की कानून व्यवस्था को पटरी पर लाने के प्रयास किए जा रहे, जिसमें कुछ वक्त लगेगा।

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