इंग्लैंड की नई खोज, आंटबोट अब चीटियों की तरह खोजेगा रास्ता

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इंग्लैंड की नई खोज, आंटबोट अब चीटियों की तरह खोजेगा रास्ता

नई दिल्ली। ब्रिटिश वैज्ञानिकों ने एक ऐसा रोबोट बनाया है, जो अपने आसपास के वातावरण में चीटियों की तरह अपना रास्ता खोज लेगा और तो और उन्होंने इस बात का भी दावा किया है कि यह रोबोट बिना जीपीएस भी काम कर सकता है। फ्रेंच नेशनल सेंटर फॉर साइंटिफिक रिसर्च (सीएनआरएस) के शोधकर्ताओं ने बताया कि उन्हें रेगिस्तान की चीटियों से प्रेरणा मिली जो कि अपने आसपास का वातावरण समझकर अपना रास्ता खोज लेती हैं। वैज्ञानिकों ने इसी आधार पर रोबोट का नाम आंटबोट रखा है।

Antbot A New Innovation Of England :

वैज्ञानिकों का कहना है कि खाली जगह में रास्ता नापने के लिए चीटियां पोलरइज्ड लाइट और अल्ट्रा वाइलेट रेज़ का इस्तेमाल करती हैं। खास कर कैटाग्लिफिस रेगिस्तानी चीटी(Cataglyphis desert ant) भोजन की खोज में प्रकाश की दिशा में सीधे सैंकड़ों मीटर दूर चली जाती है।

वहीं शोधकर्ताओं ने बताया कि आंटबोट रोबोट चीटियों के नेविगेशन सिस्टम को कॉपी करके बनाया गया है। जिसकी वजह से यह बिना जीपीएस सिस्टम के भी रास्ता खोज लेता है। इस रोबोट में एक आप्टिकल कंपास और एक आप्टिकल मूवमेंट सेंसर के लिए लगाया गया है। जिनके कारण यह पोलरइज्ड लाइट और सूर्य के माध्यम से अपना रास्ता तय करेगा। वैज्ञानिकों ने बताया कि मात्र 2.3 किलोग्राम वजनी इस रोबोट में छह पैर हैं जो कि किसी भी जगह पर चलने के लिए उपयुक्त हैं।

यह खास उन जगहों के लिए बनाया है जहां पहिएदार रोबोट और ड्रोन का इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। इसके साथ ही मौसम खराब होने व बादल होने पर यह काम करेगा।

नई दिल्ली। ब्रिटिश वैज्ञानिकों ने एक ऐसा रोबोट बनाया है, जो अपने आसपास के वातावरण में चीटियों की तरह अपना रास्ता खोज लेगा और तो और उन्होंने इस बात का भी दावा किया है कि यह रोबोट बिना जीपीएस भी काम कर सकता है। फ्रेंच नेशनल सेंटर फॉर साइंटिफिक रिसर्च (सीएनआरएस) के शोधकर्ताओं ने बताया कि उन्हें रेगिस्तान की चीटियों से प्रेरणा मिली जो कि अपने आसपास का वातावरण समझकर अपना रास्ता खोज लेती हैं। वैज्ञानिकों ने इसी आधार पर रोबोट का नाम आंटबोट रखा है। वैज्ञानिकों का कहना है कि खाली जगह में रास्ता नापने के लिए चीटियां पोलरइज्ड लाइट और अल्ट्रा वाइलेट रेज़ का इस्तेमाल करती हैं। खास कर कैटाग्लिफिस रेगिस्तानी चीटी(Cataglyphis desert ant) भोजन की खोज में प्रकाश की दिशा में सीधे सैंकड़ों मीटर दूर चली जाती है। वहीं शोधकर्ताओं ने बताया कि आंटबोट रोबोट चीटियों के नेविगेशन सिस्टम को कॉपी करके बनाया गया है। जिसकी वजह से यह बिना जीपीएस सिस्टम के भी रास्ता खोज लेता है। इस रोबोट में एक आप्टिकल कंपास और एक आप्टिकल मूवमेंट सेंसर के लिए लगाया गया है। जिनके कारण यह पोलरइज्ड लाइट और सूर्य के माध्यम से अपना रास्ता तय करेगा। वैज्ञानिकों ने बताया कि मात्र 2.3 किलोग्राम वजनी इस रोबोट में छह पैर हैं जो कि किसी भी जगह पर चलने के लिए उपयुक्त हैं। यह खास उन जगहों के लिए बनाया है जहां पहिएदार रोबोट और ड्रोन का इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। इसके साथ ही मौसम खराब होने व बादल होने पर यह काम करेगा।