एंटीगुआ में ही है मेहुल चोकसी, CBI जल्द शुरू करेगी प्रत्यर्पण की प्रक्रिया

पीएनबी घोटाला: एंटीगुआ में ही है मेहुल चोकसी, CBI जल्द शुरू करेगी प्रत्यर्पण की प्रक्रिया
पीएनबी घोटाला: एंटीगुआ में ही है मेहुल चोकसी, CBI जल्द शुरू करेगी प्रत्यर्पण की प्रक्रिया

नई दिल्ली। पीएनबी घोटाले का आरोपी मेहुल चोकसी एंटीगुआ में ही छिपा है। मेहुल चोकसी नीरव मोदी के चाचा हैं और 2 बिलियन डॉलर के पीएनबी घोटाले में मुख्य आरोपी भी हैं। एंटीगुआ सरकार ने सीबीआइ को आधिकारिक रूप से मेहुल चोकसी के अपने यहां होने की पुष्टि कर दी है। माना जा रहा है कि अब मेहुल चोकसी के प्रत्यपर्ण की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। दरअसल, इंटरपोल की ओर से मेहुल चोकसी के अमेरिका से भागकर एंटीगुआ पहुंचने की सूचना मिलते ही सीबीआइ सतर्क हो गई थी। जांच एजेंसी ने तत्काल एंटीगुआ सरकार को पत्र लिखकर मेहुल चोकसी की वस्तुस्थिति बताने को कहा था।

Antigua Confirms Mehul Choksis Presence In Caribbean Country :

सीबीआई कराएगी प्रत्‍यर्पण

सीबीआई विदेश मंत्रालय के जरिये प्रत्यर्पण अनुरोध भेज सकती है। जांच एजेंसी ‘रेड कार्नर नोटिस’ का इंतजार नहीं करेगी क्योंकि आवेदन अब भी इंटरपोल के पास लंबित है। एंटीगुआ और बारबुडा की इकाई ‘द सिटिजनशिप बाई इनवेस्टमेंट’ ने स्थानीय अखबारों में कहा कि चौकसी के नागरिकता आवेदन को इंटरनेशनल क्रिमिनल पुलिस आर्गनाइजेशन जैसी अच्छी साख वाली एजेंसियों के जरिये कड़ी पड़ताल और अंतरराष्ट्रीय जांच के बाद मंजूरी दे दी गयी है। वहीं सीबीआई का कहना है कि चौकसी के बारे में अंतरराष्ट्रीय एजेंसी ने उससे कोई जानकारी नहीं ली। सीबीआई इंटरपोल के लिये भारत की नोडल एजेंसी है।

कोई भी ले सकता है एंटीगुआ की नागरिकता

एंटीगुआ और बारबूडा के ‘सिटिजनशिप बाई इनवेस्टमेंट प्रोग्राम’ के तहत कोई व्यक्ति एनडीएफ निवेश फंड में न्यूनतम एक लाख डालर निवेश कर पासपोर्ट प्राप्त कर सकता है। चौकसी जनवरी 2018 के पहले सप्ताह में भारत से फरार हो गया था।

नई दिल्ली। पीएनबी घोटाले का आरोपी मेहुल चोकसी एंटीगुआ में ही छिपा है। मेहुल चोकसी नीरव मोदी के चाचा हैं और 2 बिलियन डॉलर के पीएनबी घोटाले में मुख्य आरोपी भी हैं। एंटीगुआ सरकार ने सीबीआइ को आधिकारिक रूप से मेहुल चोकसी के अपने यहां होने की पुष्टि कर दी है। माना जा रहा है कि अब मेहुल चोकसी के प्रत्यपर्ण की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। दरअसल, इंटरपोल की ओर से मेहुल चोकसी के अमेरिका से भागकर एंटीगुआ पहुंचने की सूचना मिलते ही सीबीआइ सतर्क हो गई थी। जांच एजेंसी ने तत्काल एंटीगुआ सरकार को पत्र लिखकर मेहुल चोकसी की वस्तुस्थिति बताने को कहा था।

सीबीआई कराएगी प्रत्‍यर्पण

सीबीआई विदेश मंत्रालय के जरिये प्रत्यर्पण अनुरोध भेज सकती है। जांच एजेंसी ‘रेड कार्नर नोटिस’ का इंतजार नहीं करेगी क्योंकि आवेदन अब भी इंटरपोल के पास लंबित है। एंटीगुआ और बारबुडा की इकाई ‘द सिटिजनशिप बाई इनवेस्टमेंट’ ने स्थानीय अखबारों में कहा कि चौकसी के नागरिकता आवेदन को इंटरनेशनल क्रिमिनल पुलिस आर्गनाइजेशन जैसी अच्छी साख वाली एजेंसियों के जरिये कड़ी पड़ताल और अंतरराष्ट्रीय जांच के बाद मंजूरी दे दी गयी है। वहीं सीबीआई का कहना है कि चौकसी के बारे में अंतरराष्ट्रीय एजेंसी ने उससे कोई जानकारी नहीं ली। सीबीआई इंटरपोल के लिये भारत की नोडल एजेंसी है।

कोई भी ले सकता है एंटीगुआ की नागरिकता

एंटीगुआ और बारबूडा के ‘सिटिजनशिप बाई इनवेस्टमेंट प्रोग्राम’ के तहत कोई व्यक्ति एनडीएफ निवेश फंड में न्यूनतम एक लाख डालर निवेश कर पासपोर्ट प्राप्त कर सकता है। चौकसी जनवरी 2018 के पहले सप्ताह में भारत से फरार हो गया था।