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भारत के लिए बुरी खबर, बिना लक्षण वाले कोरोना की चपेट में सबसे ज्यादा

Bad News For India Most Vulnerable To Symptomatic Corona

By रवि तिवारी 
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नई दिल्ली। पूरी दुनिया के साथ-साथ भारत ( India ) में कोरोना वायरस ( coronavirus ) का कहर जारी है। देश में 14579 लोग इस खतरनाक वायरस की चपेट में हैं। जबकि, 590 लोगों की मौत हो गई है। वहीं, 3251 लोग अब तक ठीक हो चुके हैं।  पिछले कुछ दिनों से कोरोना वायरस के संक्रमण से जुड़े जिस पहलू की सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है। 

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भारत समेत पूरी दुनिया में बड़ी तादाद उन लोगों की हो गई है जो कोरोना वायरस से संक्रमित तो हैं लेकिन उनमें किसी भी तरह के लक्षण नजर नहीं आए हैं। मशहूर वॉयरलॉजिस्ट पीटर कोलचिन्स्की ने भी कोरोना वायरस के बिना लक्षण वाले मामलों को सबसे बड़ी चुनौती करार दिया।

वायरलॉजिस्ट ने बताया कि कोरोना वायरस को इसलिए सबसे शातिर कहा जा सकता है क्योंकि यह लोगों को चुपचाप संक्रमित कर दे रहा है। यह इंसानों के श्वसन तंत्र में पहुंचकर तेजी से अपनी संख्या बढ़ाने लगता है।

वायरलॉजिस्ट ने बताया, कोरोना वायरस से संक्रमित होने पर कई लोगों में कोई लक्षण ही नहीं दिखते हैं जिसकी वजह से संक्रमित लोगों की पहचान कर उन्हें आइसोलेट करने का काम मुश्किल हो जाता है। जब तक कोरोना वायरस से संक्रमित लोगों में लक्षण दिखते हैं, तब तक यह अपना संक्रमण दूसरों में भी फैलाना शुरू कर देता है। कुछ लोगों में इसके बेहद हल्के लक्षण ही नजर आते हैं जिसकी वजह से ये पकड़ में आने से बच जाता है।

वायरलॉजिस्टर पीटर ने बताया कि ए-सिम्प्टमैटिक यानी बिना लक्षण वाले कोरोना संक्रमितों से वायरस बड़ी आसानी से किसी शख्स में फैल सकता है। ये बात करते वक्त भी एक इंसान से दूसरे इंसान में फैल सकता है। मुझे लगता है कि वायरस के संक्रमण में हमें अपनी भूमिका को लेकर बेहद सतर्क रहना होगा। अगर आप सावधानी बरतते हैं तो आप दूसरों की भी भलाई कर रहे हैं।

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वायरलॉजिस्ट ने कहा कि अगर 80 फीसदी लोग ए-सिम्प्टमैटिक (बिना लक्षण वाले मामले) हैं तो दुनिया में मृत्यु दर 1 फीसदी हो सकती है। लेकिन समस्या ये है कि अगर दुनिया में 0.2 फीसदी भी मरते हैं तो बहुत ज्यादा लोगों की मौत होगी।

इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) ने भी सोमवार को इस बात को लेकर चिंता जताई कि कोरोना वायरस के 80 फीसदी मामले बिना लक्षण वाले मामले ही हैं। प्रेस कॉन्फ्रेंस में आईसीएमआर के डिप्टी डायरेक्टर डॉ. रमन गंगाखेड़कर ने कहा, अगर 100 लोग कोरोना वायरस से संक्रमित होता है तो उनमें से 80 फीसदी में या तो कोई लक्षण नहीं है या तो बेहद हल्के लक्षण हैं।

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