वकील के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज होने पर उबाल, विधायक का पुतला फूंका

बिजनौर। पेदा में संघर्ष के दौरान तीन लोगों की हत्या होने के मामले में पुलिस ने एक वकील और उसके पिता को भी नामजद किया है। वकील को बेकसूर बताते हुए अधिवक्ताओं ने न्यायिक कार्यों से विरत रहकर जजी चैराहे पर जाम लगाया। अधिवक्ताओं ने वोटों की खातिर निर्दोषों का उत्पीडन करने का आरोप लगाते हुए सदर विधायक रूचि वीरा का पुतला फूंका। साथ ही इन दोनों के नाम मुकदमे से न निकाले जाने पर बड़ा आंदोलन छेडने की चेतावनी दी।

जिला मुख्यालय से सटे ग्राम पेदा में शुक्रवार को छात्राओं से छेड़छाड़ करने पर दो पक्षों के बीच खूनी संघर्ष हुआ था। इसमें तीन लोगों की जान चली गई थी, जबकि कई लोग घायल हो गए थे। मरने वाले लोग एक ही पक्ष के होने के कारण पुलिस ने दूसरे पक्ष के दर्जनों लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। पुलिस ने इस मामले में अधिवक्ता प्रफुल्ल कुमार उर्फ बिट्टन व उसके पिता दिलावर को भी नामजद किया है। जिला बार एसोसिएशन ने अधिवक्ता व उसके पिता को निर्दोष बताते हुए सदर विधायक रूचि वीरा पर तुष्टिकरण की राजनीति करते हुए बेकसूरों के खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज करवाने का आरोप लगाया। इन्होंने कई अधिकारियों व प्रतिनिधियों से इन दोनों का नाम रिपोर्ट से निकलवाने की मांग की, लेकिन इनकी बात नहीं सुनी गई।




इससे नाराज अधिवक्ताओं ने जिला बार एसोसिएशन के बैनर तले मंगलवार को न्यायिक कार्यों से विरत रहकर जजी चैराहे पर जाम लगाया और प्रदर्शन किया। अधिवक्ताओं ने विधायक रूचि वीरा का पुतला फूंककर नारेबाजी की। इन्होंने इन दोनों बेकसूरों का नाम मुकदमे से न निकालने पर जिला प्रशासन के खिलाफ बड़ा आंदोलन छेडने की चेतावनी दी। साथ ही विधायक रूचि को आगामी चुनाव में सबक सिखाने की बात कही। प्रदर्शनकारियों में एसोसिएशन अध्यक्ष राजीव कुमार चैहान, अजीत पंवार, निरंकार सिंह, एसके बबली, यशपाल सिंह व सत्यप्रकाश चैहान आदि अधिवक्तागण शामिल रहे।

बिजनौर से शहजाद अंसारी की रिपोर्ट