ठग ने महिला के खाते से उड़ाये 48 हजार रुपये, कार्रवाही की मांग

बिजनौर/धामपुर। निकटवर्ती ग्राम जमालपुरमान पोटा (राजा का ताजपुर) निवासी एक महिला के राजा के ताजपुर स्थित भारतीय स्टेट बैंक की शाखा के खाते से बैंक अधिकारियों व कर्मचारियों की मिली भगत से एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा 48 हजार पांच सौ रुपये निकाल लिए जाने का सनसनी खेज मामला प्रकाश में आया है। पीडित महिला ने बैंक के उच्चाधिकारियों सहित जिलाधिकारी बिजनौर को रजिस्ट्रर्ड डाक से पत्र भेजकर न्याय दिलाने की गुहार लगाई है।

जानकारी के अनुसार थाना धामपुर क्षेत्र के ग्राम जमालपुरमान पोटा निवासी जरीना पत्नी रईसुद्दीन ने भारतीय स्टेट बैंक के लखनऊ स्थित महाप्रबन्धक को प्रेषित पत्र में प्रार्थनी का एक बचत खाता संख्या 31721249594 राजा के ताजपुर स्थित स्टेट बैंक की शाखा में है। प्रार्थनी एक गरीब महिला है तथा थोड़ा-थोड़ा रुपया एकत्रित कर उक्त बैंक में जमा कर देती है। मेरे खाते से बैंक अधिकारियों व कर्मचारियों की मिली भगत से 10 अगस्त 2013 को 30 हजार रुपये तथा 7 अगस्त 2014 को 15 हजार रुपये की धनराशियों का आहरण किसी अन्य व्यक्ति को कर दिया गया। प्रार्थनी जब 9 सितम्बर को खाते से 15 हजार रुपये लेने गई तो 15 हजार रुपये तो दे दिये गये लेकिन 3 हजार नौ सौ पैतालिस रुपये शेष धनराशि दर्शा दी गई। प्रार्थनी से जब इस सम्बन्ध में जानकारी की तो डरा धमकाकर बैंक से बाहर निकाल दिया गया। 27 अक्टूबर को प्रार्थनी ने 6 हजार रुपये खाते में डाले तथा खाते में 10 हजार दो सौ सोलह रुपये दर्शा दिये गये। पत्र में प्रार्थनी ने कहा कि उसकी समाजवादी पेंशन उक्त खाते में आती है। 7 अक्टूबर 2015 को एक हजार रुपये, 19 नवम्बर 2015 को पन्द्रह सौ रुपये, 7 जनवरी 2016 को एक हजार रुपये का भुगतान किसी अन्य व्यक्ति को कर दिया गया।

पत्र में प्रार्थनी ने कहा कि इस प्रकार उसके खाते से 48 हजार पांच सौ रुपये के भुगतान को प्रार्थनी को न करके किसी अन्य व्यक्ति को भुगतान कर दिया गया। प्रार्थनी व प्रार्थनी के पति जब बैंक गये तो बैंक के अधिकारियों व कर्मचारियों ने उन्हें डरा धमकाकर बैंक से बाहर निकाल दिया तथा भविष्य में बैंक में न आने की हिदायत दी। पत्र में प्रार्थनी ने गुहार लगाते हुए कहा कि मेरे खाते संख्या की जांच कर दोषी बैंक अधिकारियों व कर्मचारियों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई कर मेरे 48 हजार पांच सौ रुपये ब्याज सहित वापिस दिलाये जायें। उधर बैंक के क्षेत्रीय अधिकारी आर.के. सिंह के संज्ञान में जब उक्त प्रकरण डाला गया तो उन्होंने पीडिघ्त महिला को कल 24 अक्टूबर को उनके पास बिजनौर भेजने की बात कहीं। उधर पता चला है कि इस प्रकरण में आरोपी शाखा प्रबन्धक का तबादला हो चुका है, जबकि आरोपी कर्मचारी वर्तमान में भी बैंक की उक्त शाखा में डटा है।

बिजनौर से शहजाद अंसारी की रिपोर्ट