हाथ में नया नोट आते ही लोगो की दूर हो रही परेशानी

बिजनौर। इसमें कोई दो राय नहीं है कि मोदी सरकार का यह फैसला आम लोगों के लिए कष्टदायक है, लेकिन आम लोगों को मात्र कुछ ही दिनों की परेशानी होगी, जबकि गलत तरीके से कुबेर का खजाना एकत्र करने वाले लोग मोदी सरकार के इस कदम को जिन्दगी में कभी नहीं भुला पाएंगे। आम लोग भी शायद इस बात को अच्छी तरह जानते हैं, तभी तो तमाम परेशानियां झेलने के बावजूद मोदी सरकार के इस कदम की सराहना कर रहे हैं। लोगों को उम्मीद है कि मोदी सरकार का यह फैसला देश हित में एक बहुत बड़ा कदम होगा और इसके दुर्गामी परिणाम सबके सामने आएंगे।



आतंकवाद से त्रस्त होने के कारण भी देशवासी खासकर युवा सरकार के इस प्रयास में कंधे से कंधा मिलाए हुए हैं क्योंकि उन्हे पता है कि एक हजार व पांच सौ के नोट बंद होने से आतंकवाद को बढ़ावा देने के लिए की जानेे वाली फंडिन्ग पर लगभग पूरी तरह रोक लग गई है। आतंकवाद के लिए पाकिस्तान से आने वाली जाली करेंसी करेंसी मोदी सरकार की मात्र एक घोषणा के बाद रद्दी से ज्यादा कुछ नहीं रह गई है। उधर लाइन में लगकेर रूपए बदलने में भले ही आम लोगों को परेशानी हो रही हो, लेकिन दो हजार का नया नोट हाथों में आते ही इन लोगों की सारीपरेशानी चुटकियों में गायब हो रही है।




रामलीला कालोनी निवासी शुभम कृष्नाथ उर्फ नितिन व शिवाजी नगर निवासी अंकित शर्मा समेत शहर के तमाम युवाओं का कहना है कि वे मोदी सरकार के इस अहम फैसले में अपना पूरा योगदान दे रहे हैं। भविष्य में भी मोदी सरकार के हर उस फैसले का समर्थन करेंगे, जोकि देश निर्माण में अहम योगदान निभाने के लिए लिया जाएगा।

बिजनौर से शहजाद अंसारी की रिपोर्ट