नोट बदलने के मामले में पीएनबी की जांच शुरु, एलडीएम व ऑडिटर पहंचे शाखा

बिजनौर/धामपुर। पंजाब नेशनल बैंक की मण्डी शाखा में व्यापारी की ओर से जमा की गई रकम के वाउचर में गड़बड़ी कर छोटे नोटों के स्थान पर बड़े नोटों में बदलने के मामले में आरोपी कैशियर नरेश कुमार को निलंबित कर दिया गया हैै। एलडीएम बिजनौर अजय कुमार एवं पंजाब नेशलन बैंक शाखा के आडिटर रमेश गोसाई ने बैंक में जाकर जांच पड़ताल की।




गौरतलब है कि बड़ी मण्डी स्थित मैैसर्स राजीव कुमार मनोज कुमार विवेक अग्रवाल की तेल, घी की दुकान है। गत् 24 नम्वबर को कालागढ़ मार्ग स्थित पंजाब नेशनल बैंक की मण्डी शाखा में खाता संख्या 1833008700000200 में 100, 50 व 10 के एक लाख रुपये जमा किये थे। बैंक से मोबाइल पर 50-50 हजार रुपये के दो मैसिज आये। मैसिज देखकर उनको कुछ शंका हुई तो वह अगले दिन बैंक में एक लाख रुपये जमा की रकम की रसीद लेकर पहुंचे। बैंक में एक वाउचर पर एक लाख रुपये जमा किये थे।

लेकिन कैशियर नरेश कुमार ने उनके खाते में 50-50 हजार के दो वाउचरों से 500 व 1000 के नोटों की रकम जमा की। इससे पहले 21 नम्वबर को भी एक लाख रुपये के 100, 50 व 10 के नोट जमा किये थे। वह वाउचर भी बदले हुए पाये गये। इस मामले में बैंक प्रबन्धक ने मण्डल प्रमुख ए.के. वाही को सूचित कर दिया था। मण्डल प्रमुख ने इसकी जांच एलडीएम बिजनौर अजय कुमार तथा आडिटर रमेश गोसाई को सौंपी थी। रिपोर्ट के बाद मण्डल प्रमुख ए.के. वाही ने आरोपों की जांच के दौरान आरोपी कैशियर नरेश कुमार को निलंबित कर दिया है।




कैशियर नरेश कुमार के इस नोट बदलने के खेल से पता चला कि बैंक कर्मचारी बड़े नोटों के बदले छोटे नोटों में तबदील करके किस प्रकार जनता के रुपयों से खिलवाड़ कर रहे है तथा बड़े नोट को छोटे नोटों में देकर अच्छा खासा पैसा अपने पास जमा कर रहे है। उधर एलडीएम अजय कुमार एवं आडिटर रमेश गोसाई का कहना है कि अभी जांच जारी है।

बिजनौर से शहजाद अंसारी की रिपोर्ट