SP का पैर पकड़कर बीच सड़क में रोने लगे BJP नेता, कहा-अपने ही सरकार में सम्मान चला गया

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SP का पैर पकड़कर रोने लगे BJP नेता, कहा-अपने ही सरकार में बेइज्जती बर्दास्त नहीं हो रही

मिर्जापुर। मिर्जापुर में वाहन चेकिंग के दौरान बीजेपी नेता अनिल सिंह ने पुलिसकर्मियों पर बेइज्जती करने का आरोप लगाया। उनका कहना है ​कि चालान करने के बाद भी पुलिसकर्मियों ने उन्हें अपमानित किया। इससे नाराज बीजेपी नेता बीच सड़क पर ही धरने पर बैठ गए। इस दौरान वहां पहुंचे एसपी का बीजेपी नेता ने पैर पकड़ लिया। उन्होंने कहा कि कहा कि, साहब मेरा सम्मान चला गया। अपने ही सरकार में बेइज्जती बर्दास्त नहीं हो रही है। इतना कहते ही प्रदेश कार्यसमिति, काशी प्रांत के मंत्री एवं पूर्व जिलाध्यक्ष अनिल सिंह फफक कर रो पड़े।

Bjp Leader Sps Leg And Cride On Middle Of The Road In Mirzapur :

यह वाकया शहर कोतवाली इलाके के नीबी के पास हुई, जब​ पुलिस वाहन चेकिंग कर रही थी। इस दौरान सांसद रामसकल के घर से लौट रहे पूर्व जिलाध्यक्ष एवं काशी प्रांत के मंत्री अनिल सिंह को पुलिसकर्मियों ने रोक लिया। कागजात मांगने पर उन्होंने बारिश के कारण घर भुलने की बात कही। इस पर पुलिस ने उनके वाहन का चालान करते हुए गाड़ी सीज करने की बात कही। इस दौरान पुलिसकर्मियों ने उनके साथ अभद्रता की।

उनका आरोप है कि गाड़ी चेकिंग के नाम पर पुलिस ने उनके साथ गलत व्यवहार किया और अपमानित किया। इससे नाराज होकर वह बीच सड़क पर धरने पर बैठ गए। जानकारी मिलने पर कार्यकर्ता जुटने लगे। वहीं मामले की भनक एसपी अवधेश पांडेय को हुई तो वह मौके पर पहुंचे। इस दौरान अनिल सिंह ने उनका पैर पकड़ लिया और कहा साहब सम्मान चला गया। इतना कहते हुए वह रोने लगे। इस पर एसपी ने उन्हें समझा बुझाकर रास्ते से उठाया।

अनिल सिंह ने कहा कि ईमानदारी से काम करने और सरकार के नीतियों का समर्थन करने का परिणाम आज पुलिस ने बेइज्जत करके दिया। अपना परिचय देने के बाद भी वह अपमानित करती रही। जब परिचय पत्र दिया गया तो उसे फेंक दिया गया। मुझे बेइज्जत किया गया।

मिर्जापुर। मिर्जापुर में वाहन चेकिंग के दौरान बीजेपी नेता अनिल सिंह ने पुलिसकर्मियों पर बेइज्जती करने का आरोप लगाया। उनका कहना है ​कि चालान करने के बाद भी पुलिसकर्मियों ने उन्हें अपमानित किया। इससे नाराज बीजेपी नेता बीच सड़क पर ही धरने पर बैठ गए। इस दौरान वहां पहुंचे एसपी का बीजेपी नेता ने पैर पकड़ लिया। उन्होंने कहा कि कहा कि, साहब मेरा सम्मान चला गया। अपने ही सरकार में बेइज्जती बर्दास्त नहीं हो रही है। इतना कहते ही प्रदेश कार्यसमिति, काशी प्रांत के मंत्री एवं पूर्व जिलाध्यक्ष अनिल सिंह फफक कर रो पड़े। यह वाकया शहर कोतवाली इलाके के नीबी के पास हुई, जब​ पुलिस वाहन चेकिंग कर रही थी। इस दौरान सांसद रामसकल के घर से लौट रहे पूर्व जिलाध्यक्ष एवं काशी प्रांत के मंत्री अनिल सिंह को पुलिसकर्मियों ने रोक लिया। कागजात मांगने पर उन्होंने बारिश के कारण घर भुलने की बात कही। इस पर पुलिस ने उनके वाहन का चालान करते हुए गाड़ी सीज करने की बात कही। इस दौरान पुलिसकर्मियों ने उनके साथ अभद्रता की। उनका आरोप है कि गाड़ी चेकिंग के नाम पर पुलिस ने उनके साथ गलत व्यवहार किया और अपमानित किया। इससे नाराज होकर वह बीच सड़क पर धरने पर बैठ गए। जानकारी मिलने पर कार्यकर्ता जुटने लगे। वहीं मामले की भनक एसपी अवधेश पांडेय को हुई तो वह मौके पर पहुंचे। इस दौरान अनिल सिंह ने उनका पैर पकड़ लिया और कहा साहब सम्मान चला गया। इतना कहते हुए वह रोने लगे। इस पर एसपी ने उन्हें समझा बुझाकर रास्ते से उठाया। अनिल सिंह ने कहा कि ईमानदारी से काम करने और सरकार के नीतियों का समर्थन करने का परिणाम आज पुलिस ने बेइज्जत करके दिया। अपना परिचय देने के बाद भी वह अपमानित करती रही। जब परिचय पत्र दिया गया तो उसे फेंक दिया गया। मुझे बेइज्जत किया गया।