भाजपा सत्ता का दुरूपयोग न करे, अहंकार ठीक नहीं: अखिलेश यादव

लखनऊ: समाजवादी पार्टी के जिला/महानगर अध्यक्षों तथा राज्य कार्यकारिणी की बैठक प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल की अध्यक्षता में हुई जिसमें अखिलेश यादव के सक्षम नेतृत्व के प्रति आस्था जताते हुए सर्व सम्मति से समाजवादी पार्टी के विस्तार और भाजपा सरकार की जन विरोधी नीतियों के विरूद्ध संघर्ष का संकल्प लिया गया। बैठक में समाजवादी पार्टी को कमजोर करने की साजिशों की निंदा भी की गई। साथ ही अखिलेश यादव के अदम्य साहस की सराहना की गई।




बैठक को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि मैं जन्म से, कर्म और विचार से समाजवादी हूँ। समाजवादी सरकार ने कृषि क्षेत्र में सबसे ज्यादा काम किया है। समाजवाद का रास्ता सेक्यूलरिज्म का है। हमारा संघर्ष समानता और न्याय का है। सांप्रदायिक धु्रवीकरण लोकतांत्रिक राजनीति के लिए अभिशाप है। समाजवादी व्यवस्था में किसी के साथ भेदभाव का स्थान नहीं है। यादव ने कहा कि भ्रष्टाचार की बात करने वाले भाजपाइयों ने चुनाव में अपव्यय की सारी सीमाएं तोड़ दी थी। भाजपा द्वारा जनता को धोखा देने का क्रम आज भी जारी है। कानून व्यवस्था के बारे में भाजपा सरकार को जवाब देना होगा। राज्य में बलात्कार, हत्याओं और लूट की वारदातों में वृद्धि हुई है। केंद्र को भी अपने विकास का ब्यौरा देना होगा। उन्होंने कहा भाजपा सत्ता का दुरूपयोग न करे। अहंकार ठीक नहीं है। लोकतंत्र में चक्र घूमता रहता है। यह बात सभी को ध्यान में रखना होगी।

राष्ट्रीय अध्यक्ष ने समाजवादी कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे चुनाव परिणामों से निराश न हों। हमें फिर जनता के बीच जाना होगा। क्योंकि वहीं से असली ताकत मिलती है। जनता की ताकत के सामने कोई नहीं टिक पाता है। अखिलेश यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी आगामी नगर निकाय के चुनावों में भाग लेगी। सदस्यता अभियान को गांव-गांव तक पहुंचाया जायेगा। हमारे सामने अब 2019 का लक्ष्य है। समाजवादी पार्टी को सांप्रदायिक ताकतों से लड़ना है। समाजवादी सरकार ने कृषि, बिजली, सिंचाई, शिक्षा, स्वास्थ्य के क्षेत्र में उल्लेखनीय काम किए हैं। समाजवादी पेंशन और समाजवादी एम्बूलेंस सेवा की प्रशंसा सभी ने की है। भाजपा और आरएसएस ने अफवाहों और षड़यंत्र के जरिए सत्ता हासिल की है। हम इनका मुकाबला करेंगे। भाजपा सरकार की जन विरोधी निर्णयों के विरूद्ध संघर्ष के लिए तैयार रहना है।




मुख्य प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी ने कहा है कि बैठक में पार्टी के जिला/महानगर अध्यक्षों ने बताया कि विधानसभा चुनावों में ईवीएम मषीनों की गड़बड़ी, वरिष्ठ नेताओं द्वारा अधिकृत प्रत्याशियों के विरोध के फलस्वरूप नुकसान हुआ। अगला 2019 का लोकसभा चुनाव में बैलट परेपर का इस्तेमाल किए जाने की मांग की गई। भाजपा ने लोकतंत्र के विरूद्ध साजिश की है। राजपाल सिंह एडवोकेट द्वारा प्रस्तुत प्रस्ताव में कहा गया है कि कुछ वरिष्ठ नेताओं द्वारा अलग पार्टी बनाने जैसी बातों से अनुशासन हीनता फैलाने की कोशिशें की जा रही है जिससे पार्टी की छवि को भी गहरा धक्का लग रहा है। प्रस्ताव में कहा गया है कि अखिलेश यादव ने जिस निष्ठा एवं ईमानदारी से समाजवादी सरकार का नेतृत्व किया है उसी तरह से समाजवादी सिद्धांतों एवं लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूती प्रदान के लिए भी उनका नेतृत्व सक्षम है। समाजवादी पार्टी अखिलेश यादव के नेतृत्व में एकजुट है।