गुड़िया कांड: CBI की बड़ी कार्रवाई, आईजी एसआईटी समेंत 8 पुलिस वाले गिरफ्तार

गुड़िया कांड: सीबीआई की बड़ी कार्रवाई, आईजी एसआईटी समेंत 8 पुलिस वाले गिरफ्तार

शिमला। हिमाचल प्रदेश में 4 जुलाई को हुई 10 वीं छात्रा गुड़िया के साथ घटी गैंगरेप और हत्या की वारदात में मंगलवार को बड़ा मोड़ आया है। इस मामले की जांच की ​अपने हाथ ले चुकी सीबीआई (CBI) ने इस मामले की जांच करने वाले आईजी एसआईटी जहूर जैदी समेंत 8 पुलिसकर्मियों को हिरासत में लिया है। इन सभी को हवालात में मारे गए आरोपी सूरज की हत्या और वारदात से जुड़े सुबूतों के साथ छेड़छाड़ करने के आरोप के तहत सीबीआई ने कार्रवाई की है।

सीबीआई की ओर से 8 पुलिस वालों की गिरफ्तारी की खबर की पुष्टि करते हुए कहा गया है कि इन अधिकारियों ने गुड़िया हत्याकांड की जांच में असली दोषियों को बचाने की कोशिश की है। मामले की शुरुआती जांच में शामिल रहते इन लोगों ने तमाम साक्ष्यों को नष्ट किया है और जांच को गलत दिशा देने की कोशिश की है।

{ यह भी पढ़ें:- CBI करेगी प्रद्युम्न हत्याकांड की जांच, तीन महीने सरकार के अधीन रहेगा रेयान स्कूल }

मिली जानकारी के मुताबिक गिरफ्तार ​हुए पुलिस वालों में आईजी जहूर जैदी के अलावा दो डीएसपी रैंक के अधिकारी भी शामिल है। सीबीआई द्वारा की गई गिरफ्तारियों से इस मामले से जुड़े पुलिसवालों में हड़कंप मचा है।

सूत्रों की माने तो शिमला पुलिस ने कोटखाई तहसील में हुई इस घटना को लेकर बेहद गैरजिम्मेदाराना रवैया अपनाया था। पुलिस ने इस वारदात का खुलासा करते हुए जो थ्यौरी सामने रखी उसमें कई लूप होल नजर आए थे। जिसके बाद गुड़िया को इंसाफ दिलाने के लिए प्रदेश भर में हिमाचल सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन हुए थे।

{ यह भी पढ़ें:- बलात्कारी बाबा को अदालत से भगाने की साजिश में चार पुलिसकर्मी गिरफ्तार }

इस मामले में हिमाचल प्रदेश की वीरभद्र सिंह सरकार को घेरते हुए भाजपा ने वास्तविक दोषियों को बचाने के आरोप लगाए थे। भाजपा का कहना था कि गुड़िया गैंगरेप-हत्याकांड का कनेक्शन कांग्रेस के एक स्थानीय नेता के पुत्र से है जिसे बचाने के लिए कांग्रेस सरकार ने जांच को प्रभावित किया। तमाम विरोध के बीच इस मामले की जांच सीबीआई के हवाले की गई।

आपको बता दें कि 4 जुलाई को अपने स्कूल से लौटते समय जंगल के रास्ते अपने घर लौट रही 10वीं की छात्रा गुड़िया का अपहरण हो गया था। 5 जुलाई को उसका शव नग्नावस्था में जंगल के भीतर एक गढ्ढ़े में क्षत विक्षत अवस्था में पड़ा मिला था। पुलिस ने इस मामले में मजदूरी का काम करने वाले पांच लड़कों को हिरासत में लिया था। जिनमें से एक की हत्या पुलिस हिरासत में की गई थी।

 

{ यह भी पढ़ें:- नजीब अहमद का ढूंढ़ने के लिए हर जरूरी कदम उठाए सीबीआई: हाई कोर्ट }