PNB Scam : गीतांजलि के शीर्ष अधिकारी से सीबीआई की पूछताछ

PNB Scam : गीतांजलि के शीर्ष अधिकारी से सीबीआई की पूछताछ
PNB Scam : गीतांजलि के शीर्ष अधिकारी से सीबीआई की पूछताछ

नई दिल्ली। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने मंगलवार को करोड़ो रुपयों के पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) घोटाले की जांच के संबंध में गीतांजलि समूह के बैंकिंग कामकाज के उपाध्यक्ष से पूछताछ शुरू की। दिल्ली में सीबीआई के एक अधिकारी ने बताया, “विपुल चितालिया से पूछताछ की जा रही है।”

Cbi Pnb Scam Questioned By Top Gitanjali Officer :

उन्होंने कहा कि चितालिया के बैंकॉक से लौटने के बाद सीबीआई उसे मुंबई हवाईअड्डे से ही पूछताछ के लिए लेकर चली गई। आभूषण कारोबारी नीरव मोदी के साथ चोकसी पर 12,600 करोड़ रुपये के पीएनबी घोटाले का आरोप है। इसी घोटाले में अतिरिक्त 1,300 करोड़ रुपये की गड़बड़ी का 26 फरवरी को खुलासा हुआ था।

सीबीआई ने 14 फरवरी को नीरव मोदी, उनकी पत्नी एमी, भाई निशाल मोदी, मेहुल चोकसी और उनकी कंपनियों डायमंड आर यूएस, सोलर एक्सपोर्ट्स और स्टेलार डायमंड के खिलाफ पहली प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज की थी। मोदी, उनका परिवार और चोकसी जनवरी के पहले सप्ताह में ही देश छोड़कर फरार हो गए थे।

सीबीआई ने चोकसी के गीतांजलि समूह के खिलाफ 4,886.72 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी को लेकर 15 फरवरी को दूसरी प्राथमिकी दर्ज की थी।

नई दिल्ली। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने मंगलवार को करोड़ो रुपयों के पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) घोटाले की जांच के संबंध में गीतांजलि समूह के बैंकिंग कामकाज के उपाध्यक्ष से पूछताछ शुरू की। दिल्ली में सीबीआई के एक अधिकारी ने बताया, "विपुल चितालिया से पूछताछ की जा रही है।"उन्होंने कहा कि चितालिया के बैंकॉक से लौटने के बाद सीबीआई उसे मुंबई हवाईअड्डे से ही पूछताछ के लिए लेकर चली गई। आभूषण कारोबारी नीरव मोदी के साथ चोकसी पर 12,600 करोड़ रुपये के पीएनबी घोटाले का आरोप है। इसी घोटाले में अतिरिक्त 1,300 करोड़ रुपये की गड़बड़ी का 26 फरवरी को खुलासा हुआ था।सीबीआई ने 14 फरवरी को नीरव मोदी, उनकी पत्नी एमी, भाई निशाल मोदी, मेहुल चोकसी और उनकी कंपनियों डायमंड आर यूएस, सोलर एक्सपोर्ट्स और स्टेलार डायमंड के खिलाफ पहली प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज की थी। मोदी, उनका परिवार और चोकसी जनवरी के पहले सप्ताह में ही देश छोड़कर फरार हो गए थे।सीबीआई ने चोकसी के गीतांजलि समूह के खिलाफ 4,886.72 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी को लेकर 15 फरवरी को दूसरी प्राथमिकी दर्ज की थी।