SC पहुंचा CBSE पेपर लीक मामला, बिहार से लीक हुआ CBSE का पेपर, दो छात्र गिरफ्तार

CBSE LEAK

पटना। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) के पेपर लीक के तार अब बिहार से जुड़ने लगे हैं। इस मामले में पुलिस ने पटना से निजी कोचिंग संचालक और दो छात्रों को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी झारखंड की चतरा पुलिस ने पटना के रामकृष्ण नगर इलाके से की है। इस मामले में चतरा एसपी ने शनिवार को प्रेस कांफ्रेंस कर कहा है कि बिहार के छात्रों के जरिए ही प्रश्नपत्र वायरल हुआ था। उन्होंने कहा कि प्रश्नपत्र बिहार से वायरल कर व्हाट्सएप पर डाला गया था।

Cbse Paper Leak Three People And 9 Student Arrested In Patna Bihar :

एसपी अखिलेश बी वारियर ने बताया कि कोचिंग संचालक के द्वारा प्रत्येक छात्र से पांच सौ से पांच हजार रुपए तक की वसूली की गई थी। उन्होंने बताया कि आरोपियों ने बिहार के पटना के दो युवकों से संपर्क कर सोशल मीडिया के माध्यम से प्रश्नपत्र लीक करवाया था। जिसके बाद संस्थान के शिक्षक के साथ मिलकर प्रश्नों के उत्तर भी छात्रों को उपलब्ध कराए गए।

एसपी के मुताबिक, एसएसटी और विज्ञान के परीक्षा के दौरान जवाहर नवोदय विद्यालय परीक्षा केंद्र पर चार छात्रों को प्रश्नपत्र और उत्तरों के साथ पकड़ा गया था। जिसके बाद स्कूल के प्रधानाध्यापक ने सदर थाने में आरोपी छात्रों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। प्राथमिकी के आधार पर एसपी ने एसआईटी का गठन कर जांच को लेकर झारखंड और बिहार के कई जिलों में छापेमारी अभियान चलाकर मामले में संलिप्त युवकों व छात्रों को गिरफ्तार किया है।

एसपी ने साफ कहा कि बिहार के छात्रों के जरिए ही सीबीएसई का पेपर लीक हुआ था और इसे व्हाट्सएप के जरिए कई जगह सर्कुलेट किया गया था। उन्होंने ने बताया कि 28 मार्च का पेपर 27 मार्च को ही लीक गया था। इस मामले में अब तक 12 लोगों की गिरप्तारी हो चुकी है। जिनमें से 9 छात्रों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार नाबालिगों को पुलिस ने बाल सुधार गृह हजारीबाग और कोचिंग संचालक और दो शिक्षकों को जेल भेज दिया है। चतरा एसपी ने इस पूरे मामले के दिल्ली कनेक्शन का भी जिक्र किया और जांच आगे भी जारी रहने की बात कही।

पटना। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) के पेपर लीक के तार अब बिहार से जुड़ने लगे हैं। इस मामले में पुलिस ने पटना से निजी कोचिंग संचालक और दो छात्रों को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी झारखंड की चतरा पुलिस ने पटना के रामकृष्ण नगर इलाके से की है। इस मामले में चतरा एसपी ने शनिवार को प्रेस कांफ्रेंस कर कहा है कि बिहार के छात्रों के जरिए ही प्रश्नपत्र वायरल हुआ था। उन्होंने कहा कि प्रश्नपत्र बिहार से वायरल कर व्हाट्सएप पर डाला गया था।एसपी अखिलेश बी वारियर ने बताया कि कोचिंग संचालक के द्वारा प्रत्येक छात्र से पांच सौ से पांच हजार रुपए तक की वसूली की गई थी। उन्होंने बताया कि आरोपियों ने बिहार के पटना के दो युवकों से संपर्क कर सोशल मीडिया के माध्यम से प्रश्नपत्र लीक करवाया था। जिसके बाद संस्थान के शिक्षक के साथ मिलकर प्रश्नों के उत्तर भी छात्रों को उपलब्ध कराए गए।एसपी के मुताबिक, एसएसटी और विज्ञान के परीक्षा के दौरान जवाहर नवोदय विद्यालय परीक्षा केंद्र पर चार छात्रों को प्रश्नपत्र और उत्तरों के साथ पकड़ा गया था। जिसके बाद स्कूल के प्रधानाध्यापक ने सदर थाने में आरोपी छात्रों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। प्राथमिकी के आधार पर एसपी ने एसआईटी का गठन कर जांच को लेकर झारखंड और बिहार के कई जिलों में छापेमारी अभियान चलाकर मामले में संलिप्त युवकों व छात्रों को गिरफ्तार किया है।एसपी ने साफ कहा कि बिहार के छात्रों के जरिए ही सीबीएसई का पेपर लीक हुआ था और इसे व्हाट्सएप के जरिए कई जगह सर्कुलेट किया गया था। उन्होंने ने बताया कि 28 मार्च का पेपर 27 मार्च को ही लीक गया था। इस मामले में अब तक 12 लोगों की गिरप्तारी हो चुकी है। जिनमें से 9 छात्रों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार नाबालिगों को पुलिस ने बाल सुधार गृह हजारीबाग और कोचिंग संचालक और दो शिक्षकों को जेल भेज दिया है। चतरा एसपी ने इस पूरे मामले के दिल्ली कनेक्शन का भी जिक्र किया और जांच आगे भी जारी रहने की बात कही।