IND vs SL: पांच दिन बल्लेबाजी कर पुजारा ने बनाया अनोखा रिकॉर्ड

cheteswar pujara

कोलकाता। टीम इंडिया के स्टार टेस्ट बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा ने श्रीलंका के खिलाफ कोलकाता टेस्ट में एक बेहद खास रिकॉर्ड अपने नाम किया है। दरअसल, पुजारा ईडन गार्डन में खेले जा रहे पहले टेस्ट के पांचों दिन बल्लेबाजी करने के लिए उतरे हैं। ऐसा करने वाले वह दुनिया के 9वें और भारत के तीसरे बल्लेबाज बन गए हैं।

Cheteswar Pujara Became Third Indian Batsman To Bat All Five Days In A Test :

सबसे पहले यह रिकॉर्ड 57 साल पहले भारतीय बल्लेबाज एमएल जयसिम्हा द्वारा कोलकाता में ही बनाया गया था। यह उपलब्धि हासिल करने वाले वे दुनिया के 9वें और भारत के तीसरे बल्लेबाज हैं। पुजारा से पहले रवि शास्‍त्री और एमएल जयसिम्हा यह कमाल कर चुके हैं।
पुजारा जैसे ही सोमवार को कोलकाता टेस्ट मैच में भारत की दूसरी पारी में अपनी बल्लेबाजी जारी रखने क्रीज पर उतरे, उन्होंने इतिहास रच दिया। वे 22 रन बनाकर सुरंगा लकमल के शिकार बने। चेतेश्वर पुजारा ने कोलकाता टेस्ट के पहले दिन नाबाद 8 रन, दूसरे दिन नाबाद 39 रन, तीसरे दिन 5 रन, चौथे दिन नाबाद 2 रन और पांचवें दिन 22 रन बनाए। पुजारा से पहले यह कारनामा करने वाले भारतीय एमएल जयसिम्हा और रवि शास्त्री थे। मजे की बात ये रही कि इन दोनों ने भी ईडन गार्डन्स में यह उपलब्धि हासिल की थी।

कोलकाता। टीम इंडिया के स्टार टेस्ट बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा ने श्रीलंका के खिलाफ कोलकाता टेस्ट में एक बेहद खास रिकॉर्ड अपने नाम किया है। दरअसल, पुजारा ईडन गार्डन में खेले जा रहे पहले टेस्ट के पांचों दिन बल्लेबाजी करने के लिए उतरे हैं। ऐसा करने वाले वह दुनिया के 9वें और भारत के तीसरे बल्लेबाज बन गए हैं।सबसे पहले यह रिकॉर्ड 57 साल पहले भारतीय बल्लेबाज एमएल जयसिम्हा द्वारा कोलकाता में ही बनाया गया था। यह उपलब्धि हासिल करने वाले वे दुनिया के 9वें और भारत के तीसरे बल्लेबाज हैं। पुजारा से पहले रवि शास्‍त्री और एमएल जयसिम्हा यह कमाल कर चुके हैं। पुजारा जैसे ही सोमवार को कोलकाता टेस्ट मैच में भारत की दूसरी पारी में अपनी बल्लेबाजी जारी रखने क्रीज पर उतरे, उन्होंने इतिहास रच दिया। वे 22 रन बनाकर सुरंगा लकमल के शिकार बने। चेतेश्वर पुजारा ने कोलकाता टेस्ट के पहले दिन नाबाद 8 रन, दूसरे दिन नाबाद 39 रन, तीसरे दिन 5 रन, चौथे दिन नाबाद 2 रन और पांचवें दिन 22 रन बनाए। पुजारा से पहले यह कारनामा करने वाले भारतीय एमएल जयसिम्हा और रवि शास्त्री थे। मजे की बात ये रही कि इन दोनों ने भी ईडन गार्डन्स में यह उपलब्धि हासिल की थी।