चीन ने श्रीलंका को दिया युद्धपोत, हिंद महासागर में दबदबा बढ़ाने की कवायद

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चीन ने श्रीलंका को दिया युद्धपोत, हिंद महासागर में दबदबा बढ़ाने की कवायद

नई दिल्ली। चीन हिंद महासागर में अपना दबदबा बढ़ाने के लिए गिफ्ट डिप्लोमेसी का सहारा ले रहा है। उसने श्रीलंका को एक युद्धपोत गिफ्ट कर उसे अपने खेमे में शामिल करने की कोशिश की है। चीन द्वारा गिफ्ट किया गया युद्धपोत ‘P625’ पिछले हफ्ते कोलंबो पहुंच गया। यही नहीं, रेल के डिब्बे और इंजन बनाने वाली चीन की कंपनी ने घोषणा की है कि वह जल्द ही श्रीलंका को नए तरह की 9 डीजल ट्रेनों की डिलिवरी करेगी।

China Gifts To Sri Lanka Frigate P625 Military Cooperation Announce For Diesel Train :

वहीं, चीन ने श्रीलंका को गिफ्ट के तौर पर P625 युद्धपोत दिया है, जो पिछले हफ्ते कोलंबो पहुंचा. इसके अलावा चीन ने टाइप 053 फ्रिगेट (युद्धपोत) भी श्रीलंका को गिफ्ट के रूप में भेंट किया है। चीनी नौसेना (China’s People’s Liberation Army Navy) ने टाइप 053 फ्रिगेट का इस्तेमाल 1994 में पहली बार किया था। वहीं, 2015 में चीनी नौसेना (PLA Navy) द्वारा 2,300 टन के इस युद्धपोत का इस्तेमाल बंद कर दिया था। अब इस युद्धपोत को चीन ने श्रीलंका की नौसेना को गिफ्ट में दे दिया है।

भारत भी श्रीलंका को गिफ्ट कर चुका है कई पोत

श्रीलंका की नौसेना ने लिट्टे के खिलाफ संघर्ष में अहम भूमिका निभाई थी। उसके पास करीब 50 लड़ाकू, सपोर्ट शिप और तटीय इलाकों की निगरानी के लिए गश्ती प्लेन हैं, जो भारत, चीन, अमेरिका और इजरायल से मिले हैं। भारत ने पिछले साल ही अपने अहम पड़ोसी की नौसेना को एक गश्ती जहाज गिफ्ट किया था। इससे पहले भी भारत ने 2006 और 2008 में 2 गश्ती पोत श्रीलंका को दिए थे।

श्रीलंका के नौसेना अधिकारियों को दिया प्रशिक्षण

रिपोर्ट में बताया गया है कि श्रीलंका की नेवी के नए मेंबर के तौर पर P-625 युद्धपोत का इस्तेमाल समंदर में गश्त, पर्यावरण संबंधी निगरानी और समुद्री लुटेरों के खिलाफ किया जाएगा। कोलंबो में स्थित चीन के मिशन की ओर से जारी बयान के मुताबिक, चीन की नेवी ने श्रीलंका के 110 से ज्यादा नेवल अफसरों और नाविकों को शंघाई में दो महीने का प्रशिक्षण दिया है।

नई दिल्ली। चीन हिंद महासागर में अपना दबदबा बढ़ाने के लिए गिफ्ट डिप्लोमेसी का सहारा ले रहा है। उसने श्रीलंका को एक युद्धपोत गिफ्ट कर उसे अपने खेमे में शामिल करने की कोशिश की है। चीन द्वारा गिफ्ट किया गया युद्धपोत 'P625' पिछले हफ्ते कोलंबो पहुंच गया। यही नहीं, रेल के डिब्बे और इंजन बनाने वाली चीन की कंपनी ने घोषणा की है कि वह जल्द ही श्रीलंका को नए तरह की 9 डीजल ट्रेनों की डिलिवरी करेगी। वहीं, चीन ने श्रीलंका को गिफ्ट के तौर पर P625 युद्धपोत दिया है, जो पिछले हफ्ते कोलंबो पहुंचा. इसके अलावा चीन ने टाइप 053 फ्रिगेट (युद्धपोत) भी श्रीलंका को गिफ्ट के रूप में भेंट किया है। चीनी नौसेना (China's People's Liberation Army Navy) ने टाइप 053 फ्रिगेट का इस्तेमाल 1994 में पहली बार किया था। वहीं, 2015 में चीनी नौसेना (PLA Navy) द्वारा 2,300 टन के इस युद्धपोत का इस्तेमाल बंद कर दिया था। अब इस युद्धपोत को चीन ने श्रीलंका की नौसेना को गिफ्ट में दे दिया है। भारत भी श्रीलंका को गिफ्ट कर चुका है कई पोत श्रीलंका की नौसेना ने लिट्टे के खिलाफ संघर्ष में अहम भूमिका निभाई थी। उसके पास करीब 50 लड़ाकू, सपोर्ट शिप और तटीय इलाकों की निगरानी के लिए गश्ती प्लेन हैं, जो भारत, चीन, अमेरिका और इजरायल से मिले हैं। भारत ने पिछले साल ही अपने अहम पड़ोसी की नौसेना को एक गश्ती जहाज गिफ्ट किया था। इससे पहले भी भारत ने 2006 और 2008 में 2 गश्ती पोत श्रीलंका को दिए थे। श्रीलंका के नौसेना अधिकारियों को दिया प्रशिक्षण रिपोर्ट में बताया गया है कि श्रीलंका की नेवी के नए मेंबर के तौर पर P-625 युद्धपोत का इस्तेमाल समंदर में गश्त, पर्यावरण संबंधी निगरानी और समुद्री लुटेरों के खिलाफ किया जाएगा। कोलंबो में स्थित चीन के मिशन की ओर से जारी बयान के मुताबिक, चीन की नेवी ने श्रीलंका के 110 से ज्यादा नेवल अफसरों और नाविकों को शंघाई में दो महीने का प्रशिक्षण दिया है।