शिक्षामित्र धैर्य और संयम बनाए रखें, हम अन्याय नहीं होने देंगे: सीएम योगी

लखनऊ। यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को बजट सत्र के दौरान विधान परिषद के चर्चा में शिक्षमित्रों की स्थिति पर चिंता जाहिर करते हुए उनसे शांति व संयम बनाए रखने का अपील किया। उन्होने आश्वासन देते हुए कहा कि सरकार किसी के साथ अन्याय नहीं होने देगी लेकिन नागरिकों का भी दायित्व है कि वे लोकतन्त्र की गरिमा बनाए रखें। शिक्षमित्रों से अपील करते हुए योगी ने कहा कि ऐसे तोड़-फोड़ व आगजनी करने से समस्या का समाधान नहीं निकलने वाला।

गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने शिक्षमित्रों के समायोजन को रोके जाने का फैसला सुनाया हैं जिसके विरोध में शिक्षमित्र कर्मचारी सड़कों पर उतर प्रदर्शन कर रहें हैं। इन्हीं लोगों से अपील करते हुए सीएम योगी ने कहा कि आप लोग संयम और शान्ति बनाए रखें, सरकार इस मुद्दे को लेकर चिंतित है लेकिन मैं आप लोगों को याद दिला दूँ कि लोकतन्त्र में संघर्ष के बजाय संवाद से ही समस्या का समाधान संभव है।

सीएम योगी ने कहा कि वह शिक्षामित्रों से अपील करते हैं कि वे सड़कों पर आगजनी और तोड़फोड़ ना करें, बहकावे में ना आएं. पिछली सरकारों के गलतियों और उनके वोट बैंक की राजनीति को नकार करके आप शांतिपूर्ण ढंग से स्कूलों में जाकर पठन-पाठन के कार्य में लगें। बेसिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव खुद इस मसले को देख रहे हैं. सरकार किसी के साथ अन्याय नहीं होने देगी। यूपी के सीएम योगी ने शिक्षामित्रों की मौजूदा स्थिति के लिये पूर्ववर्ती एसपी और बीएसपी सरकारों को जिम्मेदार ठहराया।

गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने बीते 26 जुलाई को पूर्ववर्ती एसपी सरकार के कार्यकाल में सहायक शिक्षक के पद पर समायोजित किए गए एक लाख 72 हजार शिक्षामित्रों के समायोजन को बर्खास्त करने के इलाहाबाद हाई कोर्ट के फैसले को सही ठहराया था। कोर्ट के इस फैसले के बाद प्रदेश भर में शिक्षामित्र आंदोलन कर रहे हैं।