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कोरोना के साथ संचारी रोग नियंत्रण अभियान की तैयारियों की सीएम योगी ने की समीक्षा

Cm Yogi Reviews Preparations For Communicable Disease Control Campaign With Corona

By शिव मौर्या 
Updated Date

लखनऊ। कोरोना संक्रमण की चेन तोड़ने के साथ ही बरसात के दौरान होने वाली बीमारियों से निपटने के लिए सीएम योगी आदित्यनाथ ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। सीएम ने अपने सरकारी आवाज पर टीम—11 के साथ समीक्षा बैठक की और अफसरों को इसको लेकर दिशा निर्देश दिए। सीएम ने कहा कि कोविड—19 के साथ एक से 31 जुलाई तक संचालित किए जाने वाले संचारी रोग नियंत्रण अभियान की तैयारियों की समीक्षा की।

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सीएम ने कोरोना संक्रमण और बरसात में संचारी रोगों के प्रसार पर अंकुश लगाने के लिए स्वच्छता को लेकर ​विशेष बल दिया है। उन्होंने कहा कि कोरोना का कहर गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद तथा मेरठ मण्डल में बढ़ रहा है। इसको लेकर पूरी सतर्कता तथा सावधानी बरती जाए। इन सभी जगह ट्रूनैट मशीनों तथा रैपिड एन्टीजेन टेस्ट मशीनों को पूरी क्षमता से कई जगह संचालित करते हुए ज्यादा से ज्यादा टेस्ट किए जाएं। यह सुनिश्चित किया जाए कि हर जगह पर ओपीडी संचालित करने वाले अस्पताल में कोविड हेल्प डेस्क अनिवार्य रूप से स्थापित हो।

इसके साथ ही उन्होंने कहा कि फील्ड में तैनात शासकीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा विशेष सावधानी बरती जाए। अभी भी कई जगह पर सावधानी नहीं बरती जा रहा है। इसके लिए सर्विलांस टीम घर-घर में कोविड-19 से बचाव सम्बन्धी हैण्डबिल उपलब्ध कराए। इसके साथ ही अंतरविभागीय समन्वय से कार्यों को निचले स्तर तक पहुंचाने पर बल दें। पेयजल की आपूर्ति को सुव्यवस्थित बनाए रखते हुए लोगों को पानी गरम कर तथा छानकर पीने के लिए जागरूक किया जाए। समय से पहले मानसून आने के दृष्टिगत बाढ़ नियंत्रण के सम्बन्ध में पूरी सतर्कता बरती जाए।

बाढ़ राहत शिविर समय से तैयार कर लिए जाएं। सीएम ने कहा कि महिला और बाल विकास विभाग महिलाओं को पुष्टाहार की सुचारु उपलब्धता सुनिश्चित करते हुए उन्हें पोषण के संबंध में जागरूक भी करे। यह सुनिश्चित किया जाए कि डाॅक्टर एवं नर्सिंग स्टाफ नियमित राउंड लें। पैरामेडिक्स रोगियों की लगातार माॅनिटरिंग करे। 24 घंटे में कम से कम एक बार मरीज के परिजनों को रोगी के स्वास्थ्य की जानकारी अवश्य दी जाए।

मानव संसाधन को इस सम्बन्ध में प्रशिक्षित रखते हुए एम्बुलेंस आदि की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। संचारी रोगों को नियंत्रित करने में जागरूकता की महत्वपूर्ण भूमिका है। इसके दृष्टिगत सूचना विभाग द्वारा स्वास्थ्य विभाग के साथ समन्वय करते हुए प्रचार-प्रसार का अभियान चलाते हुए लोगों को संचारी रोगों से बचाव की जानकारी दी जाए।

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