फारेस्ट विभाग में थे CM योगी के पिता, रामायण दिखाने के लिए गांव में लाए थे पहला टीवी

CM Yogi's father dies
फारेस्ट विभाग में थे CM योगी के पिता, रामायण दिखाने के लिए गांव में लाए थे पहला टीवी

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ के पिता आनंद सिंह बिष्ट का सोमवार सुबह दिल्ली के एम्स हास्पिटल में लंबी बीमारी के चलते निधन हो गया। उनके शव को उनके पैतृक गांव पंचूर (उत्तराखंड) ले लाया जा रहा है, जहां कल हरिद्वार में अंतिम संस्कार किया जायेगा। वहीं सीएम योगी कोरोना महामारी में आयी जिम्मेदारियों के चलते पिता के अंतिम संस्कार में शामिल नही हो पायेंगे। सीएम योगी ने अपनी मां को पत्र लिखकर शोक व्यक्त किया है। ये पिता के ही आदर्श हैं जो एक बेटा फर्ज की खातिर अपने पिता के स्वर्गवास को भुलाकर 23 करोड़ जनता की सेवा में सर्मपित है। आईये जानते हैं सीएम योगी के पिता के जीवन के बारें में…

Cm Yogis Father Who Was In The Forest Department Brought The First Tv To The Village To Show The Ramayana :

फारेस्ट विभाग से रिटायर होने के बाद पैत्रक गांव में रहने लगे

सीएम योगी के पिता आनंद सिंह बिष्ट 1991 में उत्तर प्रदेश फारेस्ट विभाग कार्यरत थे और रेंजर के पद पर सेवानिव्रत हुए थे। रिटायर होने के बाद वो पत्नी सावित्री देवी के साथ अपने पैतृक गांव पंचूर (उत्तराखंड) चले गये थे।

सामाजिक और मिलनसार व्यक्ति थे आनंद बिष्ट


आनंद सिंह बिष्ट के बारे में कहा जाता है कि वह बेहद मिलनसार और सामाजिक व्यक्ति थे। उनकी आदत थी कि कोई भी कार्य हो वे सभी से मेलजोल रखते हुए करते थे। यही नही उम्र के अंतिम पड़ाव में उनकी तबीयत खराब रहने लगी, फिर भी उन्होंने लोगों से मिलना जुलना बनाए रखा था। बता दें कि आनंद सिंह बिष्ट को बीते कुछ दिनों में ही तीन बार अस्पताल में भर्ती होना पड़ा था और आज उनका निधन हो गया।

योगी को मिलाकर 4 बेटे और 3 बेटियां हैं

योगी आदित्यनाथ को मिलाकर आनंद बिष्‍ट के चार बेटे और तीन बेटियां हैं। बताया जाता है कि जब पिता रिटायर हुए थे उस वक्त सीएम योगी बीएससी की पढ़ाई कर रहे थे। इसके बाद में महंत अवेद्यनाथ के संपर्क में आने पर सीएम योगी उनके साथ चले आये। हालांकि योगी आदित्‍यनाथ ने हमेशा अपने परिवार से संपर्क बनाये रखा।

बेटे के सीएम होते हुए भी सादगी से जीवन व्यतीत कर रहा बिष्ट परिवार

7 भाई, बहनो में सीएम योगी पांचवे नंबर पर हैं। योगी से बड़े एक भाई और तीन बहनें हैं, वहीं दो भाई उनसे छोटे हैं। योगी के एक भाई शिक्षा विभाग में कार्यरत हैं और एक सेना में हैं। घर का बेटा कई बार सांसद बना, वर्तमान समय में 3 साल से भारत के सबसे बड़े प्रदेश का सीएम है फिर भी बिष्ट परिवार काफी सादगी से जीवन व्यतीत करता आया है।

गांव के लोग रामायण देख सकें, इसलिए गांव में खरीदा था पहला TV

हाल ही में लॉकडाउन के दौरान दूरदर्शन पर जो रामायण आ दिखाई जा रही है, वह पहली बार वर्ष 1987-88 के बीच दूरदर्शन पर दिखाई गयी थी। उस दौरान कई कई गांवो में टीवी नही थे, जिसके यहां होता था, पूरा गांव एक जगह बैठकर देखता था। इस धार्मिक धारावाहिक को देखने के लिए उस समय लोगों में काफी उत्साह रहता था। लेकिन पौड़ी जिले के पंचूर गांव में किसी के पास टीवी नहीं था। यह देख आनंद सिंह बिष्ट अपने गांव में पहला टीवी खरीदकर लाए थे और पूरे गांव को टीवी दिखाते थे।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ के पिता आनंद सिंह बिष्ट का सोमवार सुबह दिल्ली के एम्स हास्पिटल में लंबी बीमारी के चलते निधन हो गया। उनके शव को उनके पैतृक गांव पंचूर (उत्तराखंड) ले लाया जा रहा है, जहां कल हरिद्वार में अंतिम संस्कार किया जायेगा। वहीं सीएम योगी कोरोना महामारी में आयी जिम्मेदारियों के चलते पिता के अंतिम संस्कार में शामिल नही हो पायेंगे। सीएम योगी ने अपनी मां को पत्र लिखकर शोक व्यक्त किया है। ये पिता के ही आदर्श हैं जो एक बेटा फर्ज की खातिर अपने पिता के स्वर्गवास को भुलाकर 23 करोड़ जनता की सेवा में सर्मपित है। आईये जानते हैं सीएम योगी के पिता के जीवन के बारें में... फारेस्ट विभाग से रिटायर होने के बाद पैत्रक गांव में रहने लगे सीएम योगी के पिता आनंद सिंह बिष्ट 1991 में उत्तर प्रदेश फारेस्ट विभाग कार्यरत थे और रेंजर के पद पर सेवानिव्रत हुए थे। रिटायर होने के बाद वो पत्नी सावित्री देवी के साथ अपने पैतृक गांव पंचूर (उत्तराखंड) चले गये थे। सामाजिक और मिलनसार व्यक्ति थे आनंद बिष्ट आनंद सिंह बिष्ट के बारे में कहा जाता है कि वह बेहद मिलनसार और सामाजिक व्यक्ति थे। उनकी आदत थी कि कोई भी कार्य हो वे सभी से मेलजोल रखते हुए करते थे। यही नही उम्र के अंतिम पड़ाव में उनकी तबीयत खराब रहने लगी, फिर भी उन्होंने लोगों से मिलना जुलना बनाए रखा था। बता दें कि आनंद सिंह बिष्ट को बीते कुछ दिनों में ही तीन बार अस्पताल में भर्ती होना पड़ा था और आज उनका निधन हो गया। योगी को मिलाकर 4 बेटे और 3 बेटियां हैं योगी आदित्यनाथ को मिलाकर आनंद बिष्‍ट के चार बेटे और तीन बेटियां हैं। बताया जाता है कि जब पिता रिटायर हुए थे उस वक्त सीएम योगी बीएससी की पढ़ाई कर रहे थे। इसके बाद में महंत अवेद्यनाथ के संपर्क में आने पर सीएम योगी उनके साथ चले आये। हालांकि योगी आदित्‍यनाथ ने हमेशा अपने परिवार से संपर्क बनाये रखा। बेटे के सीएम होते हुए भी सादगी से जीवन व्यतीत कर रहा बिष्ट परिवार 7 भाई, बहनो में सीएम योगी पांचवे नंबर पर हैं। योगी से बड़े एक भाई और तीन बहनें हैं, वहीं दो भाई उनसे छोटे हैं। योगी के एक भाई शिक्षा विभाग में कार्यरत हैं और एक सेना में हैं। घर का बेटा कई बार सांसद बना, वर्तमान समय में 3 साल से भारत के सबसे बड़े प्रदेश का सीएम है फिर भी बिष्ट परिवार काफी सादगी से जीवन व्यतीत करता आया है। गांव के लोग रामायण देख सकें, इसलिए गांव में खरीदा था पहला TV हाल ही में लॉकडाउन के दौरान दूरदर्शन पर जो रामायण आ दिखाई जा रही है, वह पहली बार वर्ष 1987-88 के बीच दूरदर्शन पर दिखाई गयी थी। उस दौरान कई कई गांवो में टीवी नही थे, जिसके यहां होता था, पूरा गांव एक जगह बैठकर देखता था। इस धार्मिक धारावाहिक को देखने के लिए उस समय लोगों में काफी उत्साह रहता था। लेकिन पौड़ी जिले के पंचूर गांव में किसी के पास टीवी नहीं था। यह देख आनंद सिंह बिष्ट अपने गांव में पहला टीवी खरीदकर लाए थे और पूरे गांव को टीवी दिखाते थे।