कर्नाटक चुनाव: जेडीएस कांग्रेस के सामने रख सकती हैं ये शर्तें

karnataka chunav congress
कर्नाटक चुनाव: जेडीएस कांग्रेस के सामने रख सकती हैं ये शर्तें

बेगलुरू। कर्नाटक में 222 सीटों पर हुए विधानसभा चुनाव मे भले ही बीजेपी अब तक सबसे आगे चल रही हो,लेकिन अभी भी वो पूर्ण बहुमत हासिल नही कर सकी है। ऐसे में कांग्रेस ने जेडीएस को अपने पाले में कर लिया है। राजनीतिक विशेषज्ञों की मानें तो अब जेडीएस प्रमुख और पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा कांग्रेस के सामने दो शर्तें रख सकते है।

Congress Can Make Govenment In Karnataka With These Two Formula :

बता दें कि अगर कांग्रेस+जेडीएस के आंकड़े 112 तक पहुंच जाते हैं, तो इस स्थिती में ​बीजेपी के विजयरथ को रोंकने के लिए कांग्रेस जेडीएस की शर्तों पर हामी भरने में बिल्कुल समय नही लगाएगी। जानकारों की माने तो अपना समर्थन देने के साथ ही जेडीएस अगर सिद्धारमैया के नाम पर असहमत होती है तो कांग्रेस ​तुरन्त जेडीएस के पसंद वाले मुख्यमंत्री के नाम पर मुहर लगा देगी।

बता दें कि कांग्रेस पिछली बार हुए चुनावों के मुकाबले कर्नाटक में इस बार कमजोर हो गई हैं, जेडीएस इस बार चुनाव में लगभग 40 सीटों पर जीत दर्ज करने की कगार पर है। अब इस स्थिती में वो गठबंधन करने के साथ ही अपने मुख्यमंत्री का दावा पेश कर सकती है। चर्चा है ​कांग्रेस उसकी इस शर्त पर राजी हो जाएगी। इसका कारण ये है कि भले ही सीएम की कुर्सी जेडीएस के पास होगी,लेकिन सत्ता कांग्रेस के पास ही रहेगी, और दूसरी तरफ वो बीजेपी को मात देेने में भी सफल हो जाएगी।

बता दें कि काग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने इस पर मंथन भी शुरु कर ​दिया है, जिसके चलते कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद और अशोक गहलोत सोमवार को ही बेंगलुरू पहुंचे और जेडीएस प्रमुव एचडी देवगौड़ा से मुलाकात की। इसके बाद से दोनो वरिष्ठ नेता उनके संपर्क में बने हुए है।

बेगलुरू। कर्नाटक में 222 सीटों पर हुए विधानसभा चुनाव मे भले ही बीजेपी अब तक सबसे आगे चल रही हो,लेकिन अभी भी वो पूर्ण बहुमत हासिल नही कर सकी है। ऐसे में कांग्रेस ने जेडीएस को अपने पाले में कर लिया है। राजनीतिक विशेषज्ञों की मानें तो अब जेडीएस प्रमुख और पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा कांग्रेस के सामने दो शर्तें रख सकते है।बता दें कि अगर कांग्रेस+जेडीएस के आंकड़े 112 तक पहुंच जाते हैं, तो इस स्थिती में ​बीजेपी के विजयरथ को रोंकने के लिए कांग्रेस जेडीएस की शर्तों पर हामी भरने में बिल्कुल समय नही लगाएगी। जानकारों की माने तो अपना समर्थन देने के साथ ही जेडीएस अगर सिद्धारमैया के नाम पर असहमत होती है तो कांग्रेस ​तुरन्त जेडीएस के पसंद वाले मुख्यमंत्री के नाम पर मुहर लगा देगी।बता दें कि कांग्रेस पिछली बार हुए चुनावों के मुकाबले कर्नाटक में इस बार कमजोर हो गई हैं, जेडीएस इस बार चुनाव में लगभग 40 सीटों पर जीत दर्ज करने की कगार पर है। अब इस स्थिती में वो गठबंधन करने के साथ ही अपने मुख्यमंत्री का दावा पेश कर सकती है। चर्चा है ​कांग्रेस उसकी इस शर्त पर राजी हो जाएगी। इसका कारण ये है कि भले ही सीएम की कुर्सी जेडीएस के पास होगी,लेकिन सत्ता कांग्रेस के पास ही रहेगी, और दूसरी तरफ वो बीजेपी को मात देेने में भी सफल हो जाएगी।बता दें कि काग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने इस पर मंथन भी शुरु कर ​दिया है, जिसके चलते कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद और अशोक गहलोत सोमवार को ही बेंगलुरू पहुंचे और जेडीएस प्रमुव एचडी देवगौड़ा से मुलाकात की। इसके बाद से दोनो वरिष्ठ नेता उनके संपर्क में बने हुए है।