गुजरात कांग्रेस के विधायकों में बगावत का दौर जारी, अहमद पटेल की राह मुश्किल

नई दिल्ली। कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनिया गांधी के सबसे अहम सलाहकार और विश्वासपात्र के रूप में पहचान रखने वाले अहमद पटेल के राज्यसभा जाने की राह मुश्किल होती नजर आ रही है। गुजरात कांग्रेस के सबसे कद्दावर नेता शंकर सिंह बघेला के पार्टी छोड़ने के बाद से पार्टी के छह विधायक अपना इस्तीफा दे चुके हैं। इसके अलावा अहमद पटेल के खिलाफ उनकी ही पार्टी के बागी विधायक बलवंत सिंह राजपूत ने बतौर बीजेपी प्रत्याशी दावा ठोक दिया है।

जानकारों का कहना है कि शंकर सिंह बघेला के समधी बलवंत सिंह राजपूत को बघेला गुट के कांग्रेसी विधायकों का समर्थन मिल सकता है। ऐसी परिस्थितियों में अहमद पटेल के लिए सुरक्षित समझी जाने वाली राज्यसभा सीट असुरक्षित हो गई है। दूसरी ओर पार्टी के विधायक जिस अंदाज में पार्टी का दामन छोड़ रहे हैं उससे कयास लगाए जा रहे हैं कि कांग्रेस के लिए आने वाले समय में मुसीबतें और ज्यादा बढ़ने वालीं हैं।

{ यह भी पढ़ें:- संसद पर हमले की 16वीं बरसी: श्रद्धांजलि सभा में पीएम मोदी और विपक्ष के नेता रहे मौजूद }

कांग्रेस से इस्तीफा देकर बीजेपी में शामिल होने वाले कुल विधायकों की संख्या शुक्रवार को बढ़कर छह हो गई है। शुक्रवार को मानसिंह चौहान और सोनाभाई चौधरी के इस्तीफे के बाद गुजरात में कांग्रेस की स्थिति और ज्यादा कमजोर होती नजर आ रही है। गुजरात में पैदा हुए नए सियासी हालातों के बाद आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर भी कांग्रेस जो रणनीति तैयार कर रही थी उसे भी तगड़ा झटका लगा है।

आपको बता दें कि गुजरात राज्य से तीन राज्यसभा सीटों के लिए होने वाले चुनावों में बीजेपी ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह, केन्द्रीय मंत्री स्मृति ईरानी और बलवंत सिंह राजपूत को प्रत्याशी बनाया है। इस चुनाव के लिए गुजरात विधानसभा के विधायक 8 अगस्त को मतदान करेंगे।

{ यह भी पढ़ें:- पीएम मोदी का सवाल- गुजरात चुनाव में पाकिस्तान क्यों कर रहा है हस्तक्षेप ? }

Loading...