कांग्रेस विधायक ने किया सीएए का समर्थन, कहा-एनआरसी से अलग देखने की जरुरत

MLA Hardeep Singh
कांग्रेस विधायक ने किया सीएए का समर्थन, कहा-एनआरसी से अलग देखने की जरुरत

मंदसौर। नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) को लेकर कांग्रेस मोदी सरकार को घेरने में जुटी है। कांग्रेस इस कानून को लेकर देशभर में विरोध प्रदर्शन कर रही है। कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा भी इसे लोकतंत्र के खिलाफ बता चुकी हैं। इस बीच कांग्रेस के विधायक ने नागरिकता कानून का समर्थन किया है।

Congress Mla Supports Caa Says Need To Look Different From Nrc :

उन्होंने कहा कि इसे राष्ट्रीय नागरिक पंजीकरण (एनआरसी) से अलग देखे जाने की जरुरत कहा है। नागरिकता संशोधन कानून को समर्थन देने वाले मध्यप्रदेश की मंदसौरा जिले की सुवासरा सीट से कांग्रेस विधायक हरदीप सिंह डांग हैं। कांग्रेस विधायक हरदीप सिंह डांग ने कहा कि, पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान में परेशान व्यक्ति को यहां सुविधाएं मिलने में और यदि हम सीएए और एनआरसी को अलग—अलग देखते हैं तो इसमें कोई बुराई नहीं है।

विधायक ने कहा कि हमें इस बात पर भी विचार करना चाहिए कि जो लोग पीढ़ियों से भारत में रह रहे हैं, यहीं पले-बढ़े हैं एनआरसी के तहत उनसे उनसे दस्तावेज मांग जा रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट करते हुए कहा कि इस समय पूरी राजनीति इसी मामले के आस—पास घूम रही है कि लोग सीएए और एनआरसी को एकसाथ जोड़कर देख रहे हैं। कांग्रेस विधायक का कहना है कि उनके अलावा ज्योतिरादित्य सिंधिया ने जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 के ज्यादातर प्रावधानों को हटाने के केंद्र सरकार के कदम का समर्थन किया था।

मंदसौर। नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) को लेकर कांग्रेस मोदी सरकार को घेरने में जुटी है। कांग्रेस इस कानून को लेकर देशभर में विरोध प्रदर्शन कर रही है। कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा भी इसे लोकतंत्र के खिलाफ बता चुकी हैं। इस बीच कांग्रेस के विधायक ने नागरिकता कानून का समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि इसे राष्ट्रीय नागरिक पंजीकरण (एनआरसी) से अलग देखे जाने की जरुरत कहा है। नागरिकता संशोधन कानून को समर्थन देने वाले मध्यप्रदेश की मंदसौरा जिले की सुवासरा सीट से कांग्रेस विधायक हरदीप सिंह डांग हैं। कांग्रेस विधायक हरदीप सिंह डांग ने कहा कि, पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान में परेशान व्यक्ति को यहां सुविधाएं मिलने में और यदि हम सीएए और एनआरसी को अलग—अलग देखते हैं तो इसमें कोई बुराई नहीं है। विधायक ने कहा कि हमें इस बात पर भी विचार करना चाहिए कि जो लोग पीढ़ियों से भारत में रह रहे हैं, यहीं पले-बढ़े हैं एनआरसी के तहत उनसे उनसे दस्तावेज मांग जा रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट करते हुए कहा कि इस समय पूरी राजनीति इसी मामले के आस—पास घूम रही है कि लोग सीएए और एनआरसी को एकसाथ जोड़कर देख रहे हैं। कांग्रेस विधायक का कहना है कि उनके अलावा ज्योतिरादित्य सिंधिया ने जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 के ज्यादातर प्रावधानों को हटाने के केंद्र सरकार के कदम का समर्थन किया था।