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किसानों का देशव्यापी बंद, महाराष्ट्र और भुवनेश्वर में रोकी रेल, 11 बजे से 3 बजे तक चक्काजाम

By टीम पर्दाफाश 
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दिल्ली के सिंधु बॉर्डर पर बंद
किसानों के भारत बंद को देखते हुए अलग-अलग राज्यों में सुरक्षा बढ़ाई गई है। बिहार में कड़ी सुरक्षा है और कानून व्यवस्था का उल्लंघन करने वालों पर एक्शन का निर्देश दिया गया है। दिल्ली के सिंधु बॉर्डर पर बंद को देखते हुए पुलिस तैनात है। साथ ही देश के अलग-अलग राज्यों में राजनीतिक दल सड़कों पर उतरे हैं।

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विजयनगरम जिले के पार्वतीपुरम में विरोध प्रदर्शन
आंध्र प्रदेश: वामपंथी राजनीतिक दलों ने केंद्र सरकार के #FarmLaws के खिलाफ, किसान संघों द्वारा बुलाए गए #BatatBandh के समर्थन में, विजयनगरम जिले के पार्वतीपुरम में विरोध प्रदर्शन किया।

‘भारत बंद’ में भी खुला पुणे APMC का बाजार
एक स्थानीय व्यापारी सचिन पयगुडे ने बताया, “हम किसानों के आंदोलन का समर्थन करते हैं। लेकिन हमने आज बाजार खुला रखा है, क्योंकि दूसरे राज्यों से आने वाले फार्मों प्रोडक्ट्स को स्टोर नहीं किया जा सकता है वे सड़ जाएंगे। कल ही इसे बेचा जाएगा।”

दक्षिण भारत में बंद का असर
आंध्र प्रदेश: वामपंथी राजनीतिक दलों ने केंद्र सरकार के ख़िलाफ़ किसान यूनियनों द्वारा बुलाए गए #BharatBandh के समर्थन में आज विजयवाड़ा में विरोध प्रदर्शन किया।

किसान यूनियन ने भुवनेश्वर रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों को रोका
ओडिशा: वाम राजनीतिक दल, ट्रेड यूनियन और किसान यूनियन भुवनेश्वर रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों को रोका। सेंटर के #FarmLaws को लेकर किसान यूनियनों ने आज #BharatBandh को बुलाया है।

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11 बजे से 3 बजे तक चक्काजाम
किसानों का कहना है कि बंद सुबह से शाम तक और चक्का जाम सुबह 11 से दोपहर 3 बजे तक रहेगा, ताकि ऑफिस आने-जाने वालों को दिक्कत नहीं हो। हालांकि, एंबुलेंस जैसी जरूरी सेवाओं और शादियों में लगी गाड़ियों को नहीं रोका जाएगा। उधर, केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राज्यों को कानून व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए हैं।​​​

लंदन में भारतीय मिशन और मेट्रोपोलिटन पुलिस के संपर्क में हैं: ब्रिटिश उच्चायोग
नई दिल्ली. भारत में आंदोलन कर रहे किसानों के समर्थन में लंदन में हुए प्रदर्शन के मद्देनजर, ब्रिटिश उच्चायोग ने सोमवार को कहा कि वह इस मुद्दे पर मेट्रोपोलिटन पुलिस और वहां स्थित भारतीय मिशन के संपर्क में है। मध्य लंदन में स्थित भारतीय उच्चायोग के बाहर रविवार को प्रदर्शन हुआ था जिसमें ब्रिटेन के अलग अलग हिस्सों से आए हजारों लोगों ने हिस्सा लिया था। यह प्रदर्शन भारत में किसानों के आंदोलन के समर्थन में किया गया था। ब्रिटिश उच्चायोग के एक प्रवक्ता ने कहा, ”प्रदर्शनों पर नियंत्रण करना मेट्रोपोलिटन पुलिस का मामला है। हम प्रदर्शनों को लेकर लंदन में भारतीय उच्चायोग और मेट्रोपोलिटन पुलिस सेवा के संपर्क में हैं।” ब्रिटेन में बड़ी संख्या में भारतीय प्रवासी रहते हैं।

महाराष्ट्र में भारत बंद का असर, रोकी गई रेल
महाराष्ट्र: स्वाभिमानी शेतकारी संगठना ने ‘भारत बंद रेल रोको’ के विरोध प्रदर्शन का मंचन किया और थोड़ी दूर बुलढाणा के मलकापुर में आज एक ट्रेन को रोक दी। बाद में उन्हें पुलिस ने पटरियों से हटा दिया और हिरासत में ले लिया।

केन्द्र सरकार के तीन नये कृषि कानूनों (Agricultural laws) के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों ने आठ दिसंबर को ‘भारत बंद’ का आह्वान किया है। इस बंद को विपक्षी दलों समेत कई क्षेत्रीय संगठनों ने किसान संगठनों का समर्थन हैं। किसान पिछले 12 दिनों से दिल्ली की सीमाओं पर नए कानूनों को निरस्त किये जाने की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं।

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के प्रमुख शरद पवार, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के महासचिव सीताराम येचुरी, द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) के प्रमुख एम के स्टालिन तथा गुपकर घोषणापत्र गठबंधन (पीएजीडी) के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला समेत प्रमुख विपक्षी नेताओं ने रविवार को एक संयुक्त बयान जारी किया। जिसमें उन्होंने किसानों द्वारा बुलाये गए भारत बंद का समर्थन किया। साथ ही प्रदर्शनकारियों की वैध मांगों को मानने के लिये दबाव बनाया।

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पांचवें दौर की बातचीत भी बेनतीजा

शनिवार को सरकार और प्रदर्शनकारी किसानों के बीच शनिवार को हुई पांचवें दौर की बातचीत भी बेनतीजा रही थी। जिसके बाद केंद्र ने गतिरोध समाप्त करने के लिए 9 दिसंबर को एक और बैठक बुलाई है। केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर कहा था कि सरकार कृषक नेताओं से उनकी प्रमुख चिंताओं पर ठोस सुझाव चाहती थी। उन्होंने उम्मीद जताई थी कि उनके सहयोग से समाधान निकाला जाएगा।

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