अपने अधिकारियों पर शिकंजा कसना शुरू की दिल्ली सरकार, सर्विस रिकॉर्ड की हो रही समीक्षा

cm kejriwal
अपने अधिकारियों पर शिकंजा कसना शुरू की दिल्ली सरकार, सर्विस रिकॉर्ड की हो रही समीक्षा

नई दिल्ली। दिल्ली सरकार अपने दानिक्स, दास व स्टेनो कैडर के अधिकारियों पर शिकंजा कसना शुरू कर दी है। सरकार ने सभी विभागों के प्रमुखों को आदेश दिया है कि वह अपने अधीन आने वाले अधिकारियों व कर्मचारियों के सर्विस रिकॉर्ड की समीक्षा करें। इस दौरान भ्रष्ट और अक्षम अधिकारियों व कर्मियों की पहचान की जाए। दिल्ली सरकार का कहना है कि ऐसे अधिकारियों की शिनाख्त होने के बाद उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जायेगी।

Delhi Government In Action Mode On Officers :

इसको लेकर सरकार ने आदेश भी जारी कर दिया है। स्वास्थ्य विभाग, परिवहन विभाग व शिक्षा विभाग समेत दानिक्स, दास व स्टेनो कैडर के अधिकारियों—कर्मचारियों के सर्विस रिकॉर्ड की समीक्षा रिव्यू कमेटी करती रहती है। नए आदेश के मुताबिक, कमेटी के सामने रिकॉर्ड रखने से पहले विभागीय प्रमुख देख लें कि उनके अधीन काम करने वालों में अक्षम व भ्रष्ट कौन-कौन हैं।

सर्कुलर में कहा गया है कि सभी प्रमुख सचिव व विभागों के प्रमुख समीक्षा के दौरान जरूरी कार्रवाई करें। इसके साथ ही दिल्ली सरकार ने कहा कि हर महीने की 15 तारीख को इनको अपनी रिपोर्ट सेवा विभाग को देनी होगी। इससे पहले उपराज्यपाल अनिल बैजल ने मुख्य सचिव और डीडीए उपाध्यक्ष, एमसीडी कमिश्नर व दिल्ली पुलिस कमिश्नर को आदेश दिया था कि वह भ्रष्ट अधिकारियों की पहचान कर उनको जबरन सेवानिवृत्ति दें।

नई दिल्ली। दिल्ली सरकार अपने दानिक्स, दास व स्टेनो कैडर के अधिकारियों पर शिकंजा कसना शुरू कर दी है। सरकार ने सभी विभागों के प्रमुखों को आदेश दिया है कि वह अपने अधीन आने वाले अधिकारियों व कर्मचारियों के सर्विस रिकॉर्ड की समीक्षा करें। इस दौरान भ्रष्ट और अक्षम अधिकारियों व कर्मियों की पहचान की जाए। दिल्ली सरकार का कहना है कि ऐसे अधिकारियों की शिनाख्त होने के बाद उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जायेगी। इसको लेकर सरकार ने आदेश भी जारी कर दिया है। स्वास्थ्य विभाग, परिवहन विभाग व शिक्षा विभाग समेत दानिक्स, दास व स्टेनो कैडर के अधिकारियों—कर्मचारियों के सर्विस रिकॉर्ड की समीक्षा रिव्यू कमेटी करती रहती है। नए आदेश के मुताबिक, कमेटी के सामने रिकॉर्ड रखने से पहले विभागीय प्रमुख देख लें कि उनके अधीन काम करने वालों में अक्षम व भ्रष्ट कौन-कौन हैं। सर्कुलर में कहा गया है कि सभी प्रमुख सचिव व विभागों के प्रमुख समीक्षा के दौरान जरूरी कार्रवाई करें। इसके साथ ही दिल्ली सरकार ने कहा कि हर महीने की 15 तारीख को इनको अपनी रिपोर्ट सेवा विभाग को देनी होगी। इससे पहले उपराज्यपाल अनिल बैजल ने मुख्य सचिव और डीडीए उपाध्यक्ष, एमसीडी कमिश्नर व दिल्ली पुलिस कमिश्नर को आदेश दिया था कि वह भ्रष्ट अधिकारियों की पहचान कर उनको जबरन सेवानिवृत्ति दें।