डीजीपी ने हिंसा रोकने के लिए अधिकारियों को दिए ये निर्देश

dgp up op singh
डीजीपी ने हिंसा रोकने के लिए अधिकारियों को दिए ये निर्देश

लखनऊ। सुप्रीम कोर्ट के एससी एसटी एक्ट में किए गए बदलाव के साथ पूरे देश में जमकर विरोध प्रदर्शन व तोड़फोड़ जारी है। प्रदर्शनकारियों का हिंसक रूप देख सभी जिलों में हाई अलर्ट दिया गया है। पुलिस कप्तान व जिलाधिकारी को अराजकतत्वों पर नजर रखने के साथ ही ऐसा करने वाले लोगों पर तुरन्त सख्त कार्रवाई के आदेश दिए गए है। यूपी डीजीपी ओपी सिंह ने तुरन्त अधिकारियों को मीटिंग के लिए बुलाया और उन्हे प्रदर्शनकारियों को काबू करने के लिए आवश्यक दिशा निर्देश दिए।

Dgp Op Singh Direction To Police Officer Sc St Act :

हजरतगंज में एससी-एससी एक्ट के बदलाव के विरोध में सैकड़ो की संख्या में लोग इकटृठा हो गए। इसकी भनक जैसे ही कप्तान दीपक कुमार को लगी वो पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए और बवाल कर रहे लोगों समझाया। प्रदर्शनकारी सरकार विरोधी नारेबाजी कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों का गुस्सा देख मौके पर भारी पुलिस बल के साथ आरएएफ, पीएसी व फाय​रब्रिगेड को बुलाया गया। उधर डीजीपी ओपी सिंह ने प्रदेश में हो रही हिंसा को देखते हुए पुलिस अधिकारियों को तलब कर उनके साथ मीटिंग कर उचित दिशा निर्देश दिए हैं।

बताया जाता है कि मेरठ जिले के कंकरखेडा थानाक्षेत्र में उग्र लोगों को पुलिस ने रोंकने का प्रयास किया तो इन लोगों ने पुलिस पर पलटवार कर दिया। जिसके बाद पुलिस ने घरों में घुसकर लाठीचार्ज किया। पुलिस ने घरों में छिपे बैठे कई बवालियों को गिरफ्तार किया है, जिससे नाराज होकर उपद्रवियों ने चौकी में आग लगा दिया। साथ ही एक पेट्रोलपंप पर भी जमकर उत्पात मचाया।

बताया जाता है कि प्रदर्शनकारी मेरठ कचहरी में हँगामा करते हुए घुस गए वहां भी जमकर उत्पात मचाया। यही नही यहां फायरिंग भी की गई। पुलिस ने किसी तरह उन्हे वहां से खदेड़ा तब पता चला कि एक युवक को गोली लगी हैै। सिविल लाइन थाना क्षेत्र में उत्पाद मचा रहे युवक के गोली लगने की खबर से हड़कंप मच गया। पुलिस ने घायल युवक को अस्पताल पहुंचाया, जहां उसकी मौत की सूचना है। हालाकि ​उपद्रव के दौरान गोली लगने से किसी युवक की मौत होने की कोई आधिकारिक पुष्टि नही है।

बताया जाता है कि आगरा में प्रदर्शनकारियों ने रेल की पटरियों पर कब्जा कर लिया। जिसके चलते काफी देर तक ट्रेनों का संचालन बंद कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने बवाल करते हुए पुलिस और पत्रकारों पर भी हमला कर दिया। इसके बाद पुलिस ने किसी तरह स्थिती पर काबू पाया और एहतियातन मौके पर भारी मात्रा में फोर्स तैनात कर दी।

आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने एससी एसटी एक्ट में तुरन्त गिरफ्तारी पर रोंक लगा दी है। कोर्ट के मुताबिक इस कानून का भारी मात्रा में दुरूपयोग किया जा रहा था। अब इस तरह के मामले में सीओ पूरे मामले की जांच करेगा और दोषी पाए जाने पर गिरफ्तारी की जाएगी। कोर्ट के इस आदेश के बाद ही लोग उग्र हो गए और बवाल शुरु कर दिया।

लखनऊ। सुप्रीम कोर्ट के एससी एसटी एक्ट में किए गए बदलाव के साथ पूरे देश में जमकर विरोध प्रदर्शन व तोड़फोड़ जारी है। प्रदर्शनकारियों का हिंसक रूप देख सभी जिलों में हाई अलर्ट दिया गया है। पुलिस कप्तान व जिलाधिकारी को अराजकतत्वों पर नजर रखने के साथ ही ऐसा करने वाले लोगों पर तुरन्त सख्त कार्रवाई के आदेश दिए गए है। यूपी डीजीपी ओपी सिंह ने तुरन्त अधिकारियों को मीटिंग के लिए बुलाया और उन्हे प्रदर्शनकारियों को काबू करने के लिए आवश्यक दिशा निर्देश दिए।हजरतगंज में एससी-एससी एक्ट के बदलाव के विरोध में सैकड़ो की संख्या में लोग इकटृठा हो गए। इसकी भनक जैसे ही कप्तान दीपक कुमार को लगी वो पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए और बवाल कर रहे लोगों समझाया। प्रदर्शनकारी सरकार विरोधी नारेबाजी कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों का गुस्सा देख मौके पर भारी पुलिस बल के साथ आरएएफ, पीएसी व फाय​रब्रिगेड को बुलाया गया। उधर डीजीपी ओपी सिंह ने प्रदेश में हो रही हिंसा को देखते हुए पुलिस अधिकारियों को तलब कर उनके साथ मीटिंग कर उचित दिशा निर्देश दिए हैं।बताया जाता है कि मेरठ जिले के कंकरखेडा थानाक्षेत्र में उग्र लोगों को पुलिस ने रोंकने का प्रयास किया तो इन लोगों ने पुलिस पर पलटवार कर दिया। जिसके बाद पुलिस ने घरों में घुसकर लाठीचार्ज किया। पुलिस ने घरों में छिपे बैठे कई बवालियों को गिरफ्तार किया है, जिससे नाराज होकर उपद्रवियों ने चौकी में आग लगा दिया। साथ ही एक पेट्रोलपंप पर भी जमकर उत्पात मचाया।बताया जाता है कि प्रदर्शनकारी मेरठ कचहरी में हँगामा करते हुए घुस गए वहां भी जमकर उत्पात मचाया। यही नही यहां फायरिंग भी की गई। पुलिस ने किसी तरह उन्हे वहां से खदेड़ा तब पता चला कि एक युवक को गोली लगी हैै। सिविल लाइन थाना क्षेत्र में उत्पाद मचा रहे युवक के गोली लगने की खबर से हड़कंप मच गया। पुलिस ने घायल युवक को अस्पताल पहुंचाया, जहां उसकी मौत की सूचना है। हालाकि ​उपद्रव के दौरान गोली लगने से किसी युवक की मौत होने की कोई आधिकारिक पुष्टि नही है।बताया जाता है कि आगरा में प्रदर्शनकारियों ने रेल की पटरियों पर कब्जा कर लिया। जिसके चलते काफी देर तक ट्रेनों का संचालन बंद कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने बवाल करते हुए पुलिस और पत्रकारों पर भी हमला कर दिया। इसके बाद पुलिस ने किसी तरह स्थिती पर काबू पाया और एहतियातन मौके पर भारी मात्रा में फोर्स तैनात कर दी।आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने एससी एसटी एक्ट में तुरन्त गिरफ्तारी पर रोंक लगा दी है। कोर्ट के मुताबिक इस कानून का भारी मात्रा में दुरूपयोग किया जा रहा था। अब इस तरह के मामले में सीओ पूरे मामले की जांच करेगा और दोषी पाए जाने पर गिरफ्तारी की जाएगी। कोर्ट के इस आदेश के बाद ही लोग उग्र हो गए और बवाल शुरु कर दिया।