प्रवासियों पर प्रतापगढ़ के BJP सांसद का विवादित बयान- लोग लॉकडाउन में हॉलीडे मनाने गांव जा रहे

Migrant Laborer
प्रवासियों पर प्रतापगढ़ के BJP सांसद का विवादित बयान- लोग लॉकडाउन में हॉलीडे मनाने गांव जा रहे

मुंबई। भारत में कोरोना संक्रमितों की संख्या 1 लाख 12 हजार के पार पहुंच चुकी है, देश में लॉकडाउन 4 जारी है, इसके बावजूद लगातार सड़कों, बसों, ट्रेनो से प्रवासी लोग अपने घर आ रहे हैं. कामबंदी और तालाबंदी के चलते देश के अलग-अलग हिस्सों में फंसे प्रवासी मजदूरों के सामने खाने-कमाने का संकट पैदा हो गया है. ऐसे में वे मजबूरन अपने गांव और शहर लौट रहे हैं. प्रवासी मजदूरों की घर वापसी को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी जारी है. उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ से बीजेपी सांसद संगमलाल गुप्ता ने प्रवासियों को लेकर आपत्तिजनक बयान दिया है.

Disputed Statement Of Bjp Mp From Pratapgarh On Migrants People Going To Village To Celebrate Holiday In Lockdown :

मुंबई के कांदिवली इलाके में प्रतापगढ़ और जौनपुर जाने वाले मजदूरों की ट्रेनें कैंसिल होने के बाद बौखलाए मजदूरों को आश्वासन देने पहुंचे बीजेपी सांसद संगमलाल ने कहा, ‘ये लोग इस लॉकडाउन में गांव में छुट्टियां मनाने जाने वाले लोग हैं. इनमें से कोई प्रवासी मजदूर नहीं है. मजदूर तो कब के जा चुके हैं.’

प्रतापगढ़ के लोकसभा सांसद और बीजेपी नेता संगम लाल गुप्ता ने कहा, ‘भीड़ को ध्यान से देखिए, इनमें एक भी मजदूर नहीं लगता. प्रवासी मजदूर तो कब के अपने गांव लौट चुके हैं. ये वो लोग हैं, जो गर्मी की छुट्टियां मनाने के लिए ट्रेन यात्रा करने आए थे. जब दो महीने में इन्हें कोरोना वायरस का कोई संक्रमण नहीं हुआ, तो आगे समझ लें कि इन्हें कुछ नहीं होगा.’

कांग्रेस पर बोला हमला
वहीं, उत्तर प्रदेश बॉर्डर पर प्रवासी मजदूरों की बसें रोक दिए जाने को लेकर संगम लाल ने कहा, ‘कांग्रेस को कुछ काम तो नहीं है. बस बैठे-बैठे राजनीति कर रही है.’ उन्होंने कहा कि यूपी बॉर्डर पर उत्तर प्रदेश सरकार की तरफ से मजदूरों को पहुंचाने के लिए बसें लगी हुई हैं. लेकिन, कांग्रेस इसमें बेवजह बाधा डाल रही है.

आक्रोशित हो रहे हैं मजदूर
बता दें कि लॉकडाउन के चलते देश के अलग-अलग हिस्सों में फंसे प्रवासी मजदूरों का गुस्सा भड़कने लगा है. सोमवार को ऐसी ही तस्वीरें तीन प्रदेशों से सामने आई. गुजरात के अहमदाबाद में पैदल घर के लिए निकले सैकड़ों मजदूरों को पुलिस ने रोका तो भीड़ आक्रोशित हो गई. मजदूरों ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया. गाड़ियां तोड़ दीं. इस दौरान दो पुलिसवाले घायल हो गए.

मुंबई। भारत में कोरोना संक्रमितों की संख्या 1 लाख 12 हजार के पार पहुंच चुकी है, देश में लॉकडाउन 4 जारी है, इसके बावजूद लगातार सड़कों, बसों, ट्रेनो से प्रवासी लोग अपने घर आ रहे हैं. कामबंदी और तालाबंदी के चलते देश के अलग-अलग हिस्सों में फंसे प्रवासी मजदूरों के सामने खाने-कमाने का संकट पैदा हो गया है. ऐसे में वे मजबूरन अपने गांव और शहर लौट रहे हैं. प्रवासी मजदूरों की घर वापसी को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी जारी है. उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ से बीजेपी सांसद संगमलाल गुप्ता ने प्रवासियों को लेकर आपत्तिजनक बयान दिया है. मुंबई के कांदिवली इलाके में प्रतापगढ़ और जौनपुर जाने वाले मजदूरों की ट्रेनें कैंसिल होने के बाद बौखलाए मजदूरों को आश्वासन देने पहुंचे बीजेपी सांसद संगमलाल ने कहा, 'ये लोग इस लॉकडाउन में गांव में छुट्टियां मनाने जाने वाले लोग हैं. इनमें से कोई प्रवासी मजदूर नहीं है. मजदूर तो कब के जा चुके हैं.' प्रतापगढ़ के लोकसभा सांसद और बीजेपी नेता संगम लाल गुप्ता ने कहा, 'भीड़ को ध्यान से देखिए, इनमें एक भी मजदूर नहीं लगता. प्रवासी मजदूर तो कब के अपने गांव लौट चुके हैं. ये वो लोग हैं, जो गर्मी की छुट्टियां मनाने के लिए ट्रेन यात्रा करने आए थे. जब दो महीने में इन्हें कोरोना वायरस का कोई संक्रमण नहीं हुआ, तो आगे समझ लें कि इन्हें कुछ नहीं होगा.' कांग्रेस पर बोला हमला वहीं, उत्तर प्रदेश बॉर्डर पर प्रवासी मजदूरों की बसें रोक दिए जाने को लेकर संगम लाल ने कहा, 'कांग्रेस को कुछ काम तो नहीं है. बस बैठे-बैठे राजनीति कर रही है.' उन्होंने कहा कि यूपी बॉर्डर पर उत्तर प्रदेश सरकार की तरफ से मजदूरों को पहुंचाने के लिए बसें लगी हुई हैं. लेकिन, कांग्रेस इसमें बेवजह बाधा डाल रही है. आक्रोशित हो रहे हैं मजदूर बता दें कि लॉकडाउन के चलते देश के अलग-अलग हिस्सों में फंसे प्रवासी मजदूरों का गुस्सा भड़कने लगा है. सोमवार को ऐसी ही तस्वीरें तीन प्रदेशों से सामने आई. गुजरात के अहमदाबाद में पैदल घर के लिए निकले सैकड़ों मजदूरों को पुलिस ने रोका तो भीड़ आक्रोशित हो गई. मजदूरों ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया. गाड़ियां तोड़ दीं. इस दौरान दो पुलिसवाले घायल हो गए.