आनंदी बेन मुसलमान होतीं तो तीन तलाक का मुद्दा नहीं उठाती मोदी सरकार: डा0 अयूब

लखनऊ। यूपी के देवरिया में आयोजित पीस पार्टी की सरकार बनाओ अधिकार पाओ रैली में बोल रहे पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डा0 मोहम्मद अयूब ने कहा कि सत्तर सालों में देश के राजनीतिक दलों ने मुसलमानों को छलने का काम किया है। केन्द्र सरकार पर तीन तलाक के मुद्दे को लेकर हमलावर हुए अयूब ये तक कह गए कि अगर गुजरात की पूर्व मुख्यमंत्री आनंदी बेन मुसलमान होती तो मुसलमानों से जुड़े इस मुद्दे को केन्द्र सरकार नहीं उठाती।




देवरिया के एसएसबीएल कालेज मैदान में आयोजित पार्टी की रैली के मंच से डा0 अयूब ने विरोधी दलों पर मुसलमान विरोधी नीति को लेकर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस, बीजेपी, सपा और बसपा जैसे दलों की मुसलमानों को लेकर कथनी और करनी के बीच का अंतर अब मुसलमान जान गया है। यूपी की सपा सरकार में भी 73 मुसलमान विधायक शामिल हैं, इसके बावजूद सरकार ने मुसलमानों के लिए कुछ नहीं किया। किसी मुसलमान विधायक ने मुसलमानों के हितों के लिए अपने इस्तीफे की पेशकश तक नहीं की क्योंकि वे सब सपा के गुलाम हैं।




इसके बाद तीन तलाक के मुद्दे पर बोलते हुए अयूब ने कहा कि आनन्दी बेन मुसलमान होतीं तो मुसलमानों को तीन तलाक के मुद्दे पर ये दिन देखने को नहीं मिलता।

डा0 अयूब के साथ मंच पर मौजूद निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ.संजय निषाद ने कहा कि गोरखपुर से बीजेपी के सांसद योगी आदित्यनाथ योगी नहीं भोगी हैं। आतंक फैलाने वाले को आतंकी कहते हैं इसलिए योगी को भी आतंकी कहा जाना चाहिए।




निषाद ने कहा कि बीजेपी मुसलमानों को आतंकी कहती है। निर्दोष मुसलमानों को मोदी सरकार ने सालों तक जेल में रखा है। इसका हिसाब 2017 के चुनाव में दिया जाएगा। मुसलमान और निषाद समाज एक साथ आकर लड़ाई लड़ेगा और आगामी विधानसभा में अपनी जीत सुनिश्चित कर अगली सरकार में भागीदार दर्ज करवाएगा।