दिल्ली एअरपोर्ट पर पकड़ी एक करोड़ की विदेशी मुद्रा

नई दिल्ली: राजस्व सतर्कता निदेशालय (डीआरआई) की दिल्ली जोनल यूनिट ने इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर बृहस्पतिवार को एक ऐसे रैकेट का भंडाफोड़ किया, जिसने हवाला के जरिए विदेशी मुद्रा को इधर से उधर करने का नया तरीका अख्तियार कर रखा था। इस मामले में डीआरआई ने जिन दो लोगों को पकड़ा है। उनके पास से करीब एक करोड़ रपए की विदेशी मुद्रा बरामद हुई है।




डीआरआई के प्रधान अतिरिक्त महानिदेशक देबी प्रसाद दास के मुताबिक दिल्ली जोनल यूनिट के अधिकारियों ने इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर एक सूचना के आधार पर सर्विलांस लगा रखा था। एयरपोर्ट के टर्मिनल-3 जहां घरेलू व अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के यात्री आते-जाते हैं के शौचालय में एक व्यक्ति दूसरे व्यक्ति से बैगों का आदान-प्रदान कर रहे थे, तभी उन दोनों को वहीं दबोच लिया गया। डीआरआई के अधिकारियों ने उनके पास से एक करोड़ 28 हजार 237 रपए मूल्य की विदेशी मुद्रा जिनमें सऊदी रियाल, यूएई दिरहम और यूएस डॉलर शामिल थे। डीआरआई ने इस रैकेट का खुलासा करते हुए बताया कि जो घरेलू यात्री था, उसने एयर इंडिया से भुवनेश्वर से अंतरराष्ट्रीय उड़ान भरने वाले विमान (एआई-075) में टिकट बुक करा रखा था।




वह इस विमान में सिर्फ इसलिए यात्रा कर रहा था, ताकि वह विदेशी मुद्रा से भरे बैग को उस अंतरराष्ट्रीय यात्री को सौंप सके, जो जेट विमान के जरिए दुबई जा रहा था। दरअसल घरेलू यात्रियों को कस्टम इमीग्रेशन के साथ-साथ इतनी कड़ी सुरक्षा जांचों से नहीं गुजरना होता है। इसलिए घरेलू यात्री के रूप में वह बैग व विदेशी मुद्रा लेकर उस विदेशी को देने के लिए पहुंचा था। आमतौर पर तस्कर विदेशी मुद्रा की तस्करी दुबई के लिए इसलिए करते हैं, ताकि वे वहां सोना, हीरा जैसी चीजें खरीद सकें।