बड़े खुलासे में लगी कस्टम की डीआरआई टीम सोनौली में डेरा

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महराजगंज: राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) लखनऊ की टीम सरहद पर डेरा डाल दी है। किसी बड़े मामले में खुलासा होने की उम्मीद है।

Dri Team In Large Revelry Camp In Sonauli :

रविवार को टीम ने कस्टम एजेंट धीरज गिरी और सुगम ट्रांसपोर्टर के काल रिकॉर्ड को भी खंगाला। जिसमें यह बात सामने आई कि पकड़े गए कपड़ों की ट्रक जब तक सीमा पर नहीं आई, तब तक कस्टम हाउस एजेंट और ट्रांसपोर्टर में दर्जनों बार बात हुई है।

जिस कारण डीआरआइ टीम लखनऊ को शक हुआ। बताया जा रहा है कि अभी तीन और ट्रक रास्ते में है। जिसमे इसी तरह कैविटी बना कर तस्करी का सामान लाया जा रहा है। जिसकी तलाश डीआरआइ की टीम कर रही है।

कस्टम सूत्रों की मानें तो इस के पहले भी कई बार तस्करी का माल सीमा पार हो चुका है। सबकी डिटेल डीआरआइ टीम नेपाल कस्टम के सहयोग से खंगाला रही है। जबकि शुक्रवार को पकड़े गए माल को कस्टम ने ट्रक सहित सीज कर दिया है।

कस्टम हाउस एजेंट धीरज गिरी से पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि पकड़े गए ट्रक के सामानों के बिल के अनुसार पास कराया जाता है। ट्रक में कैविटी बनी हो या बिल के अतिरिक्त ज्यादा माल मिलने पर सबसे बड़ी जिम्मेदारी माल लोड कराने वाले ट्रांसपोर्ट की है।

उक्त मामले में कस्टम अधीक्षक सोनौली योगेश शर्मा ने कुछ भी बताने से इंकार कर दिया।

महराजगंज: राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) लखनऊ की टीम सरहद पर डेरा डाल दी है। किसी बड़े मामले में खुलासा होने की उम्मीद है। रविवार को टीम ने कस्टम एजेंट धीरज गिरी और सुगम ट्रांसपोर्टर के काल रिकॉर्ड को भी खंगाला। जिसमें यह बात सामने आई कि पकड़े गए कपड़ों की ट्रक जब तक सीमा पर नहीं आई, तब तक कस्टम हाउस एजेंट और ट्रांसपोर्टर में दर्जनों बार बात हुई है। जिस कारण डीआरआइ टीम लखनऊ को शक हुआ। बताया जा रहा है कि अभी तीन और ट्रक रास्ते में है। जिसमे इसी तरह कैविटी बना कर तस्करी का सामान लाया जा रहा है। जिसकी तलाश डीआरआइ की टीम कर रही है। कस्टम सूत्रों की मानें तो इस के पहले भी कई बार तस्करी का माल सीमा पार हो चुका है। सबकी डिटेल डीआरआइ टीम नेपाल कस्टम के सहयोग से खंगाला रही है। जबकि शुक्रवार को पकड़े गए माल को कस्टम ने ट्रक सहित सीज कर दिया है। कस्टम हाउस एजेंट धीरज गिरी से पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि पकड़े गए ट्रक के सामानों के बिल के अनुसार पास कराया जाता है। ट्रक में कैविटी बनी हो या बिल के अतिरिक्त ज्यादा माल मिलने पर सबसे बड़ी जिम्मेदारी माल लोड कराने वाले ट्रांसपोर्ट की है। उक्त मामले में कस्टम अधीक्षक सोनौली योगेश शर्मा ने कुछ भी बताने से इंकार कर दिया।