चुनाव आयोग ने सुनाया ट्विटर को फरमान, तुरन्त हटाएं एग्जिट पोल वाले सभी ट्वीट

twitter
Twitter ने सिक्योरिटी के चलते इस फीचर को किया बंद, एकाउंट हैक होने का रहता था ख़तरा

नई दिल्ली। ट्विटर पर लगातार आ रहे लोकसभा चुनावों के एग्जिट पोल पर चुनाव आयोग ने नाराजगी जताई है। आयोग ने कहा कि एग्जिट पोल से संबंधित सभी ट्वीट तुरन्त हटा दिए जाएं। बताया जा रहा है कि चुनाव आयोग के इस मामले में लगातार शिकायतें मिल रही थी। जिसके बाद आयोग ने ये फरमान सुनाया है। फिलहाल इस मामले की शिकायत ​किसने की थी, इसका खुलासा नहीं किया गया है।

Ec Asks Twitter To Take Down Exit Poll Related All Post :

सोशल साइट के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, ‘‘चुनाव आयोग की तरफ से कोई आदेश पारित नहीं किया गया। हमारे सामने केवल एक मामला आया था, जिसे खुद यूजर ने ही हटा दिया।’’ बता दें कि इससे पहले ही तीन चैलनों को कारण बताओं नोटिस जारी किया गया था। आरोप था कि इन मीडिया हाउस ने लोकसभा चुनाव के अनुमानित नतीजों को लेकर एक सर्वे प्रकाशित किया था।

बता दें कि रिप्रेजेंटेशन ऑफ द पीपुल एक्ट की धारा 126ए के मुताबिक- कोई भी व्यक्ति चुनाव के दौरान किसी भी तरह के एग्जिट पोल को प्रिंट या इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में प्रकाशित या उसका प्रचार नहीं कर सकता। अगर कोई व्यक्ति इस नियम का उल्लंघन करता है तो उसे जेल जाना पड़ सकता है।

नई दिल्ली। ट्विटर पर लगातार आ रहे लोकसभा चुनावों के एग्जिट पोल पर चुनाव आयोग ने नाराजगी जताई है। आयोग ने कहा कि एग्जिट पोल से संबंधित सभी ट्वीट तुरन्त हटा दिए जाएं। बताया जा रहा है कि चुनाव आयोग के इस मामले में लगातार शिकायतें मिल रही थी। जिसके बाद आयोग ने ये फरमान सुनाया है। फिलहाल इस मामले की शिकायत ​किसने की थी, इसका खुलासा नहीं किया गया है। सोशल साइट के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, ‘‘चुनाव आयोग की तरफ से कोई आदेश पारित नहीं किया गया। हमारे सामने केवल एक मामला आया था, जिसे खुद यूजर ने ही हटा दिया।’’ बता दें कि इससे पहले ही तीन चैलनों को कारण बताओं नोटिस जारी किया गया था। आरोप था कि इन मीडिया हाउस ने लोकसभा चुनाव के अनुमानित नतीजों को लेकर एक सर्वे प्रकाशित किया था। बता दें कि रिप्रेजेंटेशन ऑफ द पीपुल एक्ट की धारा 126ए के मुताबिक- कोई भी व्यक्ति चुनाव के दौरान किसी भी तरह के एग्जिट पोल को प्रिंट या इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में प्रकाशित या उसका प्रचार नहीं कर सकता। अगर कोई व्यक्ति इस नियम का उल्लंघन करता है तो उसे जेल जाना पड़ सकता है।