BJP में शामिल टीडीपी के 2 राज्यसभा सांसदों के खिलाफ चल रही है ईडी, सीबीआई और आयकर की जांच

tdp mp join bjp
BJP में शामिल टीडीपी के 2 राज्यसभा सांसदों के खिलाफ चल रही है ईडी, सीबीआई और आयकर की जांच

नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने वाले तेलुगू देशम पार्टी (टीडीपी) के दो राज्यसभा सांसदों के खिलाफ सीबीआई, ईडी और आयकर की जांच चल रही है। गुरुवार टीडीपी के चार राज्यसभा सांसद टीजी वेंकटेश, वाईएस चौधरी, जीएम राव और सीएम रमेश गुरुवार को भाजपा मे शामिल हो गए।

Ed Cbi And Income Tax Investigation Are Running Against Two Rajya Sabha Mps Of Tdp Include In Bjp :

इनमें से सीएम रमेश और वाईएस चौधरी उद्यमी के खिलाफ आयकर विभाग, सीबीआई और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की जांच चल रही है। बता दें कि पिछले साल सीबीआई के तत्कालीन निदेशक आलोक वर्मा और विशेष निदेशक राकेश अस्थाना के बीच उपचे विवाद में राज्यसभा सांसद रमेश का नाम सामने आया था। उनकी कंपनी के खिलाफ आयकर विभाग की जांच चल रही है।

वहीं वाईएस चौधरी उद्यमी बैंक से लिए कर्ज की धोखाधड़ी के आरोप में सीबीआई और ईडी के रडार पर हैं। वहीं दोनों राज्यसभा सांसदों का दावा है कि वह निर्दोष हैं और उन्होंने कुछ भी गलत नहीं किया है। पिछले साल नवंबर में भाजपा सासंद और प्रवक्ता जीवीएल नरसिम्हा राव ने चौधरी और रमेश को आंध्र प्रदेश के माल्या कहा था और राज्यसभा की नैतिकता समिति को उनके खिलाफ उपयुक्त कार्रवाई करने की मांग की थी।

नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने वाले तेलुगू देशम पार्टी (टीडीपी) के दो राज्यसभा सांसदों के खिलाफ सीबीआई, ईडी और आयकर की जांच चल रही है। गुरुवार टीडीपी के चार राज्यसभा सांसद टीजी वेंकटेश, वाईएस चौधरी, जीएम राव और सीएम रमेश गुरुवार को भाजपा मे शामिल हो गए। इनमें से सीएम रमेश और वाईएस चौधरी उद्यमी के खिलाफ आयकर विभाग, सीबीआई और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की जांच चल रही है। बता दें कि पिछले साल सीबीआई के तत्कालीन निदेशक आलोक वर्मा और विशेष निदेशक राकेश अस्थाना के बीच उपचे विवाद में राज्यसभा सांसद रमेश का नाम सामने आया था। उनकी कंपनी के खिलाफ आयकर विभाग की जांच चल रही है। वहीं वाईएस चौधरी उद्यमी बैंक से लिए कर्ज की धोखाधड़ी के आरोप में सीबीआई और ईडी के रडार पर हैं। वहीं दोनों राज्यसभा सांसदों का दावा है कि वह निर्दोष हैं और उन्होंने कुछ भी गलत नहीं किया है। पिछले साल नवंबर में भाजपा सासंद और प्रवक्ता जीवीएल नरसिम्हा राव ने चौधरी और रमेश को आंध्र प्रदेश के माल्या कहा था और राज्यसभा की नैतिकता समिति को उनके खिलाफ उपयुक्त कार्रवाई करने की मांग की थी।