चीन ने किया भारत की चिंता दूर करने का वादा

बीजिंग: चीन ने भारत को भरोसा दिलाया कि वह दोनों देशों के बीच व्यापार अंतर को पाटने के लिए भारतीय उत्पादों को अधिक बाजार पहुंच उपलब्ध कराएगा। चीन ने इस बारे में भारत की चिंता को दूर करने के लिए कदम उठाने का आश्वासन दिया है। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री निर्मला सीतारमण तथा चीन के वित्त एवं वाणिज्य उप मंत्री वांग शॉवेन के बीच यहां हुई बैठक में इस मुद्दे पर विचार-विमर्श हुआ। चीन के मंत्री यहां ब्रिक्स के वाणिज्य मंत्रियों की बैठक में शामिल होने आए हैं।




वाणिज्य मंत्रालय ने बयान में कहा, ‘‘चीन के उप मंत्री ने आश्वासन दिया है कि वह भारतीय उत्पादों की चीन के बाजार में पहुंच के बारे में चिंताओं को दूर करने के लिए कदम उठाएंगे।’ बैठक में सीतारमण ने दोनों देशों के बीच बढ़ते व्यापार घाटे पर चिंता जताई। दोनों नेताओं ने व्यापार और वाणिज्य पर विचारों का आदान प्रदान किया है और इस बात पर सहमति जताई कि बढ़ता द्विपक्षीय व्यापार घाटा भारत के लिए चिंता की बात है। भारत ने दोनों देशों के बीच दीर्घावधि के टिकाऊ व्यापार रिश्तों को अपने उत्पादों के लिए अधिक बाजार पहुंच की मांग की।

सीतारमण ने भारतीय चावल के आयात के लिए तेजी से मंजूरी प्रदान करने का आग्रह किया। उन्होंने चीन में भारतीय फार्मा उत्पादों के आयात के लिए ‘‘ग्रीन चैनल’ का मुद्दा भी उठाया। विशेषरूप से वे उत्पाद जिन्हें पहले से यूएसएफडीए और ईयूएफडीए की मान्यता मिली हुई है। वित्त वर्ष 2015-16 में चीन को भारत का निर्यात नौ अरब डालर रहा था, जबकि आयात 61.7 अरब डालर का था।