गठबंधन प्रत्याशी को बाबर की औलाद कहने पर योगी को चुनाव आयोग का नोटिस

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लखनऊ। अपने विवादित बयान की वजह से 72 घंटे का प्रतिबंध झेल चुके उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। अब एक और बयान की वजह से चुनाव आयोग ने योगी को नोटिस जारी कर 24 घंटे के अंदर जवाब देने को कहा है।

Election Commission Issues Notice To Cm Yogi For Babar Ki Aulad Comment :

चुनाव आयोग ने यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ को उस बयान के लिए नोटिस जारी किया जिसमें उन्होंने समाजवादी पार्टी बहुजन समाज पार्टी के गठबंधन कैंडिडेट को बाबर की औलाद कहा था। योगी ने संभल में चुनावी जनसभा करते हुए इस सीट से गठबंधन के उम्मीदवार शफिकुर्रहमान बर्क को लेकर विवादित टिप्पणी की थी।

बता दें कि सीएम योगी ने 19 अप्रैल को संभल में प्रचार करते हुए कहा जब मैं सांसद था तो मैंने एक बार एसपी के उम्मीदवार जो खुद सांसद थे उनसे उनके पूर्वजों के बारे में पूछा। उन्होंने कहा कि हम बाबर के उत्तराधिकारी हैं। मैं हैरान था। एक तरफ एक ऐसी पार्टी का उम्मीदवार है जो बाबा भीमराव आंबेडकर और गौतम बुद्ध से जुड़े स्थानों का विकास करता है।

दूसरी तरफ विपक्ष का ऐसा उम्मीदवार है जो खुद को बाबर की औलाद कहता है। जो व्यक्ति वंदे मातरम नहीं गाना चाहता जो बाबा साहब को माला पहनाने में असुविधा महसूस करता है वह आपके वोट के काबिल नहीं है। सीएम योगी ने 72 घंटों का बैन समाप्त होने के अगले ही दिन यह बयान दिया था।

चुनाव आयोग ने गुरुवार को योगी को नोटिस जारी करते हुए 24 घंटे के अंदर जवाब देने का निर्देश दिया है। योगी पर इससे पहले अली बजरंग बली बयान को लेकर 72 घंटे का प्रतिबंध लग चुका है। मेरठ में योगी ने अपने बयान में कहा था अगर कांग्रेस, एसपी, बीएसपी को अली पर विश्वास है तो हमें भी बजरंग बली पर विश्वास है।

लखनऊ। अपने विवादित बयान की वजह से 72 घंटे का प्रतिबंध झेल चुके उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। अब एक और बयान की वजह से चुनाव आयोग ने योगी को नोटिस जारी कर 24 घंटे के अंदर जवाब देने को कहा है। चुनाव आयोग ने यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ को उस बयान के लिए नोटिस जारी किया जिसमें उन्होंने समाजवादी पार्टी बहुजन समाज पार्टी के गठबंधन कैंडिडेट को बाबर की औलाद कहा था। योगी ने संभल में चुनावी जनसभा करते हुए इस सीट से गठबंधन के उम्मीदवार शफिकुर्रहमान बर्क को लेकर विवादित टिप्पणी की थी। बता दें कि सीएम योगी ने 19 अप्रैल को संभल में प्रचार करते हुए कहा जब मैं सांसद था तो मैंने एक बार एसपी के उम्मीदवार जो खुद सांसद थे उनसे उनके पूर्वजों के बारे में पूछा। उन्होंने कहा कि हम बाबर के उत्तराधिकारी हैं। मैं हैरान था। एक तरफ एक ऐसी पार्टी का उम्मीदवार है जो बाबा भीमराव आंबेडकर और गौतम बुद्ध से जुड़े स्थानों का विकास करता है। दूसरी तरफ विपक्ष का ऐसा उम्मीदवार है जो खुद को बाबर की औलाद कहता है। जो व्यक्ति वंदे मातरम नहीं गाना चाहता जो बाबा साहब को माला पहनाने में असुविधा महसूस करता है वह आपके वोट के काबिल नहीं है। सीएम योगी ने 72 घंटों का बैन समाप्त होने के अगले ही दिन यह बयान दिया था। चुनाव आयोग ने गुरुवार को योगी को नोटिस जारी करते हुए 24 घंटे के अंदर जवाब देने का निर्देश दिया है। योगी पर इससे पहले अली बजरंग बली बयान को लेकर 72 घंटे का प्रतिबंध लग चुका है। मेरठ में योगी ने अपने बयान में कहा था अगर कांग्रेस, एसपी, बीएसपी को अली पर विश्वास है तो हमें भी बजरंग बली पर विश्वास है।