दिल्ली: मुंडका में फर्नीचर गोदाम में लगी आग, जानमाल की कोई हानि नहीं

दिल्ली: मुंडका में फर्नीचर गोदाम में लगी आग, जानमाल की कोई हानि नहीं
दिल्ली: मुंडका में फर्नीचर गोदाम में लगी आग, जानमाल की कोई हानि नहीं

नई दिल्ली। दिल्ली(Delhi) के अनाज मंडी के बाद शनिवार तड़के मुंडका(Mundka) इलाके में एक फर्नीचर गोदाम में भीषण आग लग गई। बताया जा रहा है कि तेज हवाओं के कारण आग ने विकराल रूप धारण कर लिया हालांकि आग की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की 21 गाड़ियों ने घटनास्थल पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया है। फिलहाल इस हादसे में अभी तक किसी के हताहत होने की खबर नहीं मिली है।

Fire In Mundka Area Of Delhi :

बता दें कि बीते रविवार को दिल्ली के रानी झांसी रोड स्थित अनाज मंडी की एक इमारत में आग लग गई थी। इस अग्निकांड में 43 प्रवासी मजदूरों की मौत हो गई थी। मरने वाले ज्यादातर मजदूर बिहार के रहने वाले थे। ये सभी यहां बैग बनाने वाली फक्ट्री में काम करते थे। जब यह आग लगी थी, उस समय वहां काम करने वाले मजदूर सो रहे थे। शॉर्ट सर्किट की वजह से यह आग लगी थी और चिंगारी नीचे रखे केमिकल के बॉक्स पर जा गिरा था। केमिकल पर गिरने के कारण चिंगारी काफी तैजी से फैल गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया। आग और धुआं भरने से फैक्ट्री में कैद रह गए 43 लोगों की मौत हो गई।

नई दिल्ली। दिल्ली(Delhi) के अनाज मंडी के बाद शनिवार तड़के मुंडका(Mundka) इलाके में एक फर्नीचर गोदाम में भीषण आग लग गई। बताया जा रहा है कि तेज हवाओं के कारण आग ने विकराल रूप धारण कर लिया हालांकि आग की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की 21 गाड़ियों ने घटनास्थल पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया है। फिलहाल इस हादसे में अभी तक किसी के हताहत होने की खबर नहीं मिली है। बता दें कि बीते रविवार को दिल्ली के रानी झांसी रोड स्थित अनाज मंडी की एक इमारत में आग लग गई थी। इस अग्निकांड में 43 प्रवासी मजदूरों की मौत हो गई थी। मरने वाले ज्यादातर मजदूर बिहार के रहने वाले थे। ये सभी यहां बैग बनाने वाली फक्ट्री में काम करते थे। जब यह आग लगी थी, उस समय वहां काम करने वाले मजदूर सो रहे थे। शॉर्ट सर्किट की वजह से यह आग लगी थी और चिंगारी नीचे रखे केमिकल के बॉक्स पर जा गिरा था। केमिकल पर गिरने के कारण चिंगारी काफी तैजी से फैल गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया। आग और धुआं भरने से फैक्ट्री में कैद रह गए 43 लोगों की मौत हो गई।