आतंकवाद ​से निपटने में भारत का साथ देगा फ्रान्स

rajnath
आतंकवाद ​से निपटने में भारत का साथ देगा फ्रान्स

नई दिल्ली। हाल ही में राफेल लड़ाकू विमान को रिसीव करने के लिए भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह 3 दिवसीय दोरे पर फ्रान्स गये थे। इस दौरान दोनों देशों के बीच रक्षा संबंधों से जुड़े सभी मुद्दों की समीक्षा हुई, वहीं फ्रान्स ने इस दौरान आतंकवाद का मुकाबला करने में भारत का साथ देने की बात कही है। आपको बता दें कि भारत फ्रान्स से 36 लड़ाकू विमान खरीद रहा है। पहला विमान औपचारिक रूप से 8 अक्टूबर को भारत को सौंप दिया गया है।

France Will Support India In Dealing With Terrorism :

 

8 अक्टूबर को राफेल रिसीव करने के बाद भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और फ्रांस की रक्षा मंत्री फ्लोरेंस पार्ली के बीच भारत-फ्रांस मंत्रिस्तरीय वार्षिक रक्षा वार्ता हुई। वार्ता के बाद राजनाथ सिंह ने ट्वीट कर जानकारी देते हुए बताया है कि हमने अपने द्विपक्षीय रक्षा संबंधों के सभी मुद्दों का आकलन और समीक्षा की। वहीं नई दिल्ली में फ्रांसीसी दूतावास द्वारा जारी किये गये बयान में बताया गया कि राजनाथ सिंह की ये फ्रान्स यात्रा दोनो देशों के संबंधो के लिए एक बड़ा कदम है।

वहीं रक्षा मंत्रालय द्वारा बताया गया कि रक्षा सहयोग भारत-फ्रांस रणनीतिक साझेदारी का प्रमुख स्तम्भ है। रक्षा मंत्रालय द्वारा यह भी बताया गया कि दोनों देशों के रक्षा मंत्रियों के बीच आतंकवाद के खिलाफ द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत बनाने की भी वार्ता हुई है। दोनों पक्षों ने संयुक्त रक्षा अभ्यासों-शक्ति, वरुण और गरुड़ के कार्य क्षेत्र को विस्तार देने पर भी सहमति व्यक्त की है।

बताया गया कि यह द्विपक्षीय रक्षा सहयोग दोनो देशो को एक नये मुकाम पर पहुंचायेगा। ऐसी उपलब्धियां हमें और बेहतर कार्य करने के लिए उत्सुक करती हैं। आपको बता दें कि जबसे भारत की राफेल विमान को लेकर फ्रान्स से डील हुई है तबसे फ्रान्स और भारत के रिश्तों को लेकर पूरी ​दुनिया की नजर बनी हुई है। वहीं राजनाथ सिंह ने कहा है कि वह उम्मीद करते हैं कि 36 लड़ाकू विमानों में से 18 विमान फरवरी 2021 तक सौंप दिये जाएंगे, जबकि शेष विमान अप्रैल-मई 2022 तक मिलने की उम्मीद है।

नई दिल्ली। हाल ही में राफेल लड़ाकू विमान को रिसीव करने के लिए भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह 3 दिवसीय दोरे पर फ्रान्स गये थे। इस दौरान दोनों देशों के बीच रक्षा संबंधों से जुड़े सभी मुद्दों की समीक्षा हुई, वहीं फ्रान्स ने इस दौरान आतंकवाद का मुकाबला करने में भारत का साथ देने की बात कही है। आपको बता दें कि भारत फ्रान्स से 36 लड़ाकू विमान खरीद रहा है। पहला विमान औपचारिक रूप से 8 अक्टूबर को भारत को सौंप दिया गया है।   8 अक्टूबर को राफेल रिसीव करने के बाद भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और फ्रांस की रक्षा मंत्री फ्लोरेंस पार्ली के बीच भारत-फ्रांस मंत्रिस्तरीय वार्षिक रक्षा वार्ता हुई। वार्ता के बाद राजनाथ सिंह ने ट्वीट कर जानकारी देते हुए बताया है कि हमने अपने द्विपक्षीय रक्षा संबंधों के सभी मुद्दों का आकलन और समीक्षा की। वहीं नई दिल्ली में फ्रांसीसी दूतावास द्वारा जारी किये गये बयान में बताया गया कि राजनाथ सिंह की ये फ्रान्स यात्रा दोनो देशों के संबंधो के लिए एक बड़ा कदम है। वहीं रक्षा मंत्रालय द्वारा बताया गया कि रक्षा सहयोग भारत-फ्रांस रणनीतिक साझेदारी का प्रमुख स्तम्भ है। रक्षा मंत्रालय द्वारा यह भी बताया गया कि दोनों देशों के रक्षा मंत्रियों के बीच आतंकवाद के खिलाफ द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत बनाने की भी वार्ता हुई है। दोनों पक्षों ने संयुक्त रक्षा अभ्यासों-शक्ति, वरुण और गरुड़ के कार्य क्षेत्र को विस्तार देने पर भी सहमति व्यक्त की है। बताया गया कि यह द्विपक्षीय रक्षा सहयोग दोनो देशो को एक नये मुकाम पर पहुंचायेगा। ऐसी उपलब्धियां हमें और बेहतर कार्य करने के लिए उत्सुक करती हैं। आपको बता दें कि जबसे भारत की राफेल विमान को लेकर फ्रान्स से डील हुई है तबसे फ्रान्स और भारत के रिश्तों को लेकर पूरी ​दुनिया की नजर बनी हुई है। वहीं राजनाथ सिंह ने कहा है कि वह उम्मीद करते हैं कि 36 लड़ाकू विमानों में से 18 विमान फरवरी 2021 तक सौंप दिये जाएंगे, जबकि शेष विमान अप्रैल-मई 2022 तक मिलने की उम्मीद है।