गोरखपुर के बाद फर्रुखाबाद में ऑक्सीज़न की कमी से 49 बच्चों की मौत, CMO-CMS निलंबित

Fter Gorakhpur The Death Of 49 Children In A Month Due To Lack Of Oxygen In Farrukhabad

लखनऊ। यूपी के गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कालेज की घटना के बाद अब यूपी के फर्रुखाबाद से ऐसी ही घटना सामने आई है। जहां एक तरफ गोरखपुर में आक्सीजन की कमी की वजह से 36 बच्चों की मौत हुई थी वहीं फर्रुखाबाद स्थित लोहिया अस्पताल में आक्सीजन की कमी के चलते व कर्मचारियों की लापरवाही ने 49 बच्चों को मौत की नींद सुला दी। जिसके बाद डीएम ने तत्काल एक्शन लेते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी व मुख्य चिकित्सा अधीक्षक के खिलाफ बच्चों के इलाज में लापरवाही और समय पर सूचना न देने के कारण शहर स्थित कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई है।

डीएम को गलत दी गयी थी रिपोर्ट

बता दें कि बीते 30 अगस्त को जिलाधिकारी रवीद्र कुमार ने अस्पताल के एसएनसीयू वार्ड का निरीक्षण किया था इस दौरान डीएम को वास्तविकता से अवगत न कराते हुए बताया गया था कि बच्चों की मौत इलाज के अभाव में नहीं बल्कि लाइलाज बीमारी की वजह से हुई है। हालांकि परिजनों का दावा है कि बच्चों की मौत का जिम्मेदार पूर्णरूप से अस्पताल प्रशासन है। उनका कहना था कि बच्चों की मौत लापरवाही और आक्सीजन की कमी के वजह से हुई है। परिजनों की शिकायत के आधार पर जिलाधिकारी के आदेश पर सिटी मजिस्ट्रेट, एसडीएम सदर, तहसीलदार सदर की टीम ने पूरे मामले की जांच की।

पुलिस क्या कहती है

फर्रुखाबाद के एसपी दयानंद मिश्रा ने बताया कि इस मामले में सीएमओ, सीएमएस और लोहिया अस्पताल के कुछ डॉक्टरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आगे की कार्रवाई जांच प्रक्रिया के आधार पर की जाएगी।

सीएमओ व सीएमएस हुए निलंबित

जांच में दोषी पाये जाने के बाद शासन ने सीएमओ और सीएमएस को निलंबित कर दिया है। मिली जानकारी के मुताबित इसमे अन्य दोषी अधिकारियों पर शासन का चाबुक चल सकता है। डीएम ने पहले ही कह दिया है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि ऑक्सीजन की कमी किन कारणों से हुई है, इसकी विस्तृत जांच कराई जाएगी। इस सवाल का जवाब खोजा जाएगा कि बच्चों को आवश्यकता पडऩे पर कृत्रिम आक्सीजन नहीं मिली या फिर जन्म लेने के बाद सांस लेने के दौरान आक्सीजन की कमी प्राकृतिक कारणों से हुई।

लखनऊ। यूपी के गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कालेज की घटना के बाद अब यूपी के फर्रुखाबाद से ऐसी ही घटना सामने आई है। जहां एक तरफ गोरखपुर में आक्सीजन की कमी की वजह से 36 बच्चों की मौत हुई थी वहीं फर्रुखाबाद स्थित लोहिया अस्पताल में आक्सीजन की कमी के चलते व कर्मचारियों की लापरवाही ने 49 बच्चों को मौत की नींद सुला दी। जिसके बाद डीएम ने तत्काल एक्शन लेते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी व मुख्य चिकित्सा अधीक्षक के…