शपथ लेने के बाद मुलायम के पैरों में लेट गए गायत्री प्रजापति

लखनऊ| उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव के मंत्रिमंडल विस्तार में सोमवार को अजीबो-गरीब नजारा देखने को मिला। अवैध खनन के आरोपी रहे गायत्री प्रजापति की एक बार फिर से मंत्रिमंडल में वापसी हो रही थी। सोमवार को गायत्री प्रजापति कैबिनेट मंत्री की शपथ लेने के बाद सीधे मुलायम सिंह यादव के पैरों पर दंडवत हो गए। इतना ही नहीं, गायत्री प्रजापति ने मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के पैर भी छुए।




राज्यपाल राम नाईक को यह बात नागवार गुजरी। उन्होंने तुरंत टोकते हुए अनुशासन बनाए रखने की बात कही। उधर, लगे हाथ मुलायम सिंह यादव ने गायत्री प्रजापति की तारीफ कर दी। मुलायम ने कहा कि गायत्री प्रजापति काबिल नेता हैं। उन्होंने कहा कि गायत्री को मैंने मंत्री नहीं बनाया, मैंने तो बस सिफारिश की है।

सोमवार को अखिलेश यादव की कैबिनेट का आठवां विस्तार हुआ। गायत्री प्रजापति समेत 10 मंत्रियों को शपथ दिलाई गई। प्रजापति के अलावा शंखलाल मांझी, मनोज पांडेय, शिवकांत ओझा, रियाज अहमद, यासिर शाह, अभिषेक मिश्रा, जियादुद्दीन रिजवी, नरेंद्र वर्मा और रविदास को अखिलेश कैबिनेट में जगह मिली।

गायत्री प्रजापति को इससे पहले अखिलेश यादव ने अवैध खनन के आरोपों पर बर्खास्त कर दिया था। अखिलेश ने चाचा शिवपाल यादव से भी अहम मंत्रालय वापस लिए थे। शिवपाल के बगावती तेवर और सपा अध्यक्ष मुलायम के हस्तक्षेप के बाद अखिलेश यादव को अपने फैसले वापस लेने पड़े। गायत्री प्रजापति को वापस कैबिनेट में शामिल करना पड़ा।

अखिलेश यादव के इस नए कैबिनेट विस्तार पर आगामी विधानसभा चुनावों की स्पष्ट छाप देखने को मिल रही है। उप्र के ब्राह्मण वोटरों को ध्यान में रखते हुए अखिलेश ने अपनी सरकार में तीन ब्राह्मण मंत्रियों को शामिल किया है। इनमें मनोज पांडेय, शिवकांत ओझा और अभिषेक मिश्रा शामिल हैं।