नकद सहयोग नहीं देकर अर्थव्यवस्था को बर्बाद कर रही सरकार : राहुल गांधी

    rahul gandhi
    कांग्रेस ने कई दशकों में रिश्तों का जो तानाबाना बुना था उसे मोदी सरकार ने नष्ट कर दिया : राहुल गांधी

    लखनऊ। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने केंद्र की मोदी सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस के संकट में सरकार लोगों और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग (एमएसएमई) क्षेत्र की इकाइयों को नकद सहयोग नहीं दे रही है। सरकार के इस कदम से अर्थव्यवस्था बर्बाद हो रही है। राहुल गांधी ने कहा कि सरकार का यह रूख नोटबंदी 2.0 है।

    Government Ruining Economy By Not Providing Cash Support Rahul Gandhi :

    राहुल गांधी ने एक खबर शेयर करते हुए ट्वीट किया है कि, ‘सरकार लोगों और एमएसएमई को नकद सहयोग देने से इनकार करके हमारी अर्थव्यवस्था को सक्रियता के साथ नष्ट कर रही है। यह नोटबंदी 2.0 है।’ गौरतलब है कि राहुल गांधी और कांग्रेस पिछले कई हफ्तों से सरकार से यह मांग कर रहे हैं कि गरीबों, मजदूरों और एमएसएमई की वित्तीय मदद की जाए।

    उनका कहना है कि लोगों को खातों में अगले छह महीनों के लिए 7500 रुपये महीने भेजे जाएं और तत्काल 10 हजार रुपये दिए जाएं। बता दें कि, अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए राहुल गांधी ने बजाज आटो के प्रबंध संचालक राजीव बजाज से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बात की थी।

    इसमें भी उन्होंने गरीबों के खाते में नकद हस्तांतरण की बात की थी। बातचीत में बजाज ने कहा था कि लोगों की सोच बदलने और जीवन को पटरी पर लाने की जरूरत है। इसमें लंबा समय लग सकता है। आम आदमी के नजरिए से लॉकडाउन काफी मुश्किल है। भारत जैसा लॉकडाउन कहीं नहीं हुआ। हर कोई बीच का रास्ता निकालना चाहता है।

    लखनऊ। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने केंद्र की मोदी सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस के संकट में सरकार लोगों और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग (एमएसएमई) क्षेत्र की इकाइयों को नकद सहयोग नहीं दे रही है। सरकार के इस कदम से अर्थव्यवस्था बर्बाद हो रही है। राहुल गांधी ने कहा कि सरकार का यह रूख नोटबंदी 2.0 है। राहुल गांधी ने एक खबर शेयर करते हुए ट्वीट किया है कि, 'सरकार लोगों और एमएसएमई को नकद सहयोग देने से इनकार करके हमारी अर्थव्यवस्था को सक्रियता के साथ नष्ट कर रही है। यह नोटबंदी 2.0 है।' गौरतलब है कि राहुल गांधी और कांग्रेस पिछले कई हफ्तों से सरकार से यह मांग कर रहे हैं कि गरीबों, मजदूरों और एमएसएमई की वित्तीय मदद की जाए। उनका कहना है कि लोगों को खातों में अगले छह महीनों के लिए 7500 रुपये महीने भेजे जाएं और तत्काल 10 हजार रुपये दिए जाएं। बता दें कि, अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए राहुल गांधी ने बजाज आटो के प्रबंध संचालक राजीव बजाज से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बात की थी। इसमें भी उन्होंने गरीबों के खाते में नकद हस्तांतरण की बात की थी। बातचीत में बजाज ने कहा था कि लोगों की सोच बदलने और जीवन को पटरी पर लाने की जरूरत है। इसमें लंबा समय लग सकता है। आम आदमी के नजरिए से लॉकडाउन काफी मुश्किल है। भारत जैसा लॉकडाउन कहीं नहीं हुआ। हर कोई बीच का रास्ता निकालना चाहता है।